मसूरी। एकीकृत आदर्श कृषि ग्राम योजना को लेकर शुक्रवार को बीडीओ ने संबंधित विभागों के अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों के साथ बैठक की। बीडीओ ने ‘मैं गांव हूं’ योजना के तहत चयनित क्यारकुली भट्ठा गांव में किसानों का समूह बनाकर उन्हें योजना से लाभान्वित करने के निर्देश दिए।
मसूरी झील के यूथ हास्टल के सभागार में आयोजित बैठक में बीडीओ अभिनव कुमार ने बताया कि योजना के तहत जिला नियोजन समिति की ओर से सहसपुर ब्लाक से मसूरी के क्यारकुली भट्ठा गांव का चयन किया गया है। गांव की भौगोलिक परिस्थिति और जलवायु के अनुसार एकीकृत कृषि का मॉडल तैयार किया जाएगा। उन्होंने बताया कि एकीकृत आदर्श कृषि ग्राम योजना के लिए गांव में कम से कम एक सौ किसानों को स्वयं सहायता समूह एवं आजीविका को भी कलस्टर से जोड़ा जाएगा।
जिला पंचायत उपाध्यक्ष दीपक पुंडीर व भाजपा युवा मोर्चा के अध्यक्ष राकेश रावत ने बताया कि प्रदेश के पहाड़ी भू-भाग में पलायन की समस्या दिनोंदिन बढ़ती ही जा रही है। खाली होते गांव, बंजर होती जमीन और अपना गांव, घर, खेती छोड़कर पलायन करते युवा सरकार की चिंता का विषय बने हुए हैं। जिसको लेकर राज्य सरकार युवाओं को कृषि संबंधी कार्यों के लिए प्रोत्साहित करने, पलायन रोकने के लिए प्रयासरत है। इसके लिए सरकार ने ‘मैं गांव हूं’ योजना शुरू की है।
उन्होंने बताया कि यह एकीकृत आदर्श ग्राम योजना है। जिसका उद्देश्य गांवों से पलायन कर गए लोगों को फिर से गांवों की ओर वापस लाना तथा उन्हें कृषि कार्य के लिए प्रेरित करना है। इसके उद्देश्यों में किसानों को खेती के अतिरिक्त अन्य कार्यों जैसे पशु पालन, मुर्गी पालन, मधुमक्खी पालन, मछली पालन से जोड़कर उनकी आय को दोगुना करना तथा गांवों में सामूहिक खेती को बढ़ावा देना शामिल है।
योजना के क्रियान्वयन व सफल बनाने के लिए गांवों में लोगों का समूह बनाकर काम किया जाएगा। गांवों में लगभग 100-100 लोगों का समूह बनाकर उन्हें कृषि, उद्यान (फल व सब्जियों), पशुपालन, मत्स्य पालन, मौन पालन, कुक्कुट पालन करने के लिए प्रेरित किया जाएगा। इन समूहों को 15 लाख रुपये तक का ऋण भी दिया जाएगा। इस योजना में किसानों को खाद, बीज, आधुनिक कृषि यंत्र, मिट्टी की गुणवत्ता, बागवानी तथा आधुनिक तरीके से कृषि करने से संबंधित हर जानकारी व प्रशिक्षण कृषि विभाग द्वारा दिया जाएगा।
इस मौके पर मत्स्य पालन विभाग से मंजू बेन, उद्यान विभाग से मुकेश, पशु चिकित्सक डॉ. मोनिका, आंचल बेलवाल, समाज कल्याण सहित कई विभागों के अधिकारी, जनप्रतिनिधि और ग्रामीण मौजूद थे।