पंजीकरण स्लॉट फुल
चारधाम यात्रा के लिए एक जून से पुनः ऑफलाइन पंजीकरण शुरू किए गए थे। पहले दिन केवल 1,500 यात्रियों का स्लॉट था। अगले दिन के लिए इतने ही यात्रियों को टोकन जारी किए गए। इससे ऋषिकेश में तीर्थयात्रियों का बैकलॉग शुरू हो गया। स्थिति यह बनी कि टोकन पाने वाले कई यात्री खड़े ही रह गए और पंजीकरण का 1,500 स्लॉट फुल हो गया। खाली हाथ रहे तीर्थयात्रियों ने आईएसबीटी के गेट पर लगातार दो दिन विरोध किया। पुलिस के समझाने पर किसी तरह स्थिति सामान्य हुई।
मुख्यमंत्री ने हरिद्वार ट्रांजिट कैंप में निरीक्षण के बाद 4 जून से ऋषिकेश व हरिद्वार में चार-चार हजार यात्रियों के पंजीकरण के निर्देश दिए।निर्देश के बाद ऋषिकेश में तीन हजार का स्लॉट बना दिया गया। दो दिन में ही ऋषिकेश में तीर्थयात्रियों का बैकलॉग कम होने लगा। दूसरे दिन बुधवार को यात्रा प्रशासन की ओर से चार हजार टोकन जारी किए गए। बृहस्पतिवार को चार हजार तीर्थयात्रियों का पंजीकरण किया गया। एक साथ चार हजार तीर्थयात्रियों का पंजीकरण के दौरान सुबह 7 बजे से दोपहर 2 बजे पंजीकरण काउंटर पर भीड़ नजर आती रही।
ये भी पढ़ें...Uttarakhand: बदरीनाथ हाईवे पर अलग-अलग हादसों में तीन की मौत, चारधाम यात्रियों को लेकर जा रही बस की टक्कर
कैंप में आने वाले यात्रियों से आधार कार्ड की छायाप्रति के साथ आवश्यक विवरण जमा कराया जा रहे हैं। इसके बाद उन्हें टोकन जारी किए जा रहे हैं। एक दिन में चार हजार यात्रियों को यात्रा में भेजे जाने से ऋषिकेश में भीड़ नहीं होगी। - नरेंद्र सिंह क्वीरियाल, ओएसडी, यात्रा प्रशासन