फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Uttarakhand: जेईई एडवांस्ड पेपर लीक का फर्जी वीडियो वायरल, FIR दर्ज, टेलीग्राम से फैलाया जा रहा भ्रामक कंटेंट

Thu, 18 Jun 2026 01:05 PM IST
Renu Saklani संवाद न्यूज एजेंसी, रुड़की

सार

जेईई एडवांस्ड पेपर लीक का फर्जी वीडियो वायरल होने पर पुलिस ने मामले में एफआईआर दर्ज की है। टेलीग्राम चैनल के जरिये भ्रामक कंटेंट फैलाया जा रहा था।

विज्ञापन
पेपर - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

जेईई (एडवांस्ड)-2026 परीक्षा से जुड़े कथित पेपर लीक का एक फर्जी और भ्रामक वीडियो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर वायरल होने का मामला सामने आया है। मामले में रुड़की पुलिस से एफआईआर दर्ज कर तत्काल कार्रवाई करने की मांग की गई। पुलिस ने अज्ञात पर प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मामला टेलीग्राम पर लगाए प्रतिबंध से पहले का है।

आईआईटी प्रोफेसर एसपी हर्षा ने बताया कि कुछ अज्ञात व्यक्तियों की ओर से टेलीग्राम चैनल के माध्यम से जेईई (एडवांस्ड) 2026 परीक्षा के पेपर लीक होने का झूठा दावा करते हुए वीडियो प्रसारित किया जा रहा है। वीडियो में 17 मई 2026 को आयोजित परीक्षा के संबंध में मनगढ़ंत और भ्रामक जानकारी दिखाई गई है जिससे परीक्षार्थियों, अभिभावकों और आम जनता के बीच भ्रम और असमंजस की स्थिति पैदा हो रही है।

निष्पक्षता और विश्वसनीयता को प्रभावित

विज्ञापन

शिकायतकर्ता ने पुलिस से वीडियो बनाने, अपलोड करने, साझा करने और प्रसारित करने में शामिल लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। साथ ही संबंधित सोशल मीडिया अकाउंट, डिजिटल स्रोत और किसी संगठित नेटवर्क की भी जांच कराने का अनुरोध किया गया है। शिकायत में कहा गया कि इस प्रकार की भ्रामक सामग्री परीक्षा प्रक्रिया की निष्पक्षता और विश्वसनीयता को प्रभावित कर सकती है।

ये भी पढे़ं...Uttarakhand: राज्य के पांच गांवों में भूमि बंदोबस्ती का काम आगे बढ़ा, डिजिटल रिकॉर्ड किया जा रहा तैयार

सार्वजनिक व्यवस्था पर भी नकारात्मक असर डाल सकती है। जांच के लिए स्क्रीनशॉट, लिंक और अन्य डिजिटल साक्ष्य उपलब्ध कराने की बात भी कही गई है। रुड़की कोतवाली इंस्पेक्टर प्रदीप सिंह बिष्ट ने कहा कि लिखित शिकायत के आधार पर अज्ञात के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। फर्जी और भ्रामक जानकारी फैलाने वालों के खिलाफ साइबर अपराध समेत संबंधित कानूनी धाराओं में कार्रवाई की जाएगी। कहा कि सोशलमीडिया का दुरुपयोग किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें