बीते शनिवार से क्षेत्र में हो रही बारिश ने जौनसार बावर जनजातीय क्षेत्र का जनजीवन पूरी तरह से अस्त-व्यस्त कर दिया है। मलबा आने से जौनसार बावर की लाइफ लाइन कहे जाने वाला कालसी-चकराता मोटर मार्ग हईया के समीप सुबह छह से आठ बजे तक दो घंटे बाधित रहा। इसके अतिरिक्त करीब 51 सड़कें बंद हो गई हैं, जिससे 200 से अधिक गांवों की आवाजाही प्रभावित हो रही है। मजबूरी में लोगों को मुख्य मार्ग तक पहुंचने के लिए मीलों पैदल दूरी नापनी पड़ रही हैं। समय पर नकदी फसलें भी मंडियों तक नहीं पहुंच पा रही हैं।
लोक निर्माण विभाग चकराता अंतर्गत दारागाड कथियान, बिरमोऊ, चकराता लाखामंडल, पुरोडी रावना डामटा, कोटी कनासर, टुंगरा ग्रामीण मार्ग, गौराघाटी लावड़ी मानथात, डांगुठा ग्रामीण, बैहमू, माख्टी पोखरी ककनोई, डिरनाड पुरटाड, रडू मुन्धोल, रायगी कुल्हा, दारागाड कथियान त्यूनी, सुई कचाणू, चांजोई, रोटा खड्ड अटाल, अणु चिल्हाड़ मोटर मार्ग समेत 16 मोटर मार्ग बंद हैं। अधिशासी अभियंता डीपीएस नेगी ने बताया कि बंद सड़कों को खोलने का कार्य लगातार चल रहा है। लगातार हो रही बारिश के कारण सड़कें फिर से बंद हो रही हैं।
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना लोनिवि खंड कालसी अंतर्गत सिलीखड्ड कुनैन, कुनैन सैज, दारागाड पट्यूड, भूट, लाखामंडल नाडा, सैंज चंदोऊ, सैंसा पणायसा, गास्की गडोल, मेघाटू, कठंग डेरनाड, कांडा बैंड, बनियाना, कंदाड, बानपुर, मसराड, लेल्ट मंडोली समेत 19 मार्ग बंद पड़े हैं। अधिशासी अभियंता सुनील कुमार ने बताया कि बंद सड़कों को खोलने का प्रयास किया जा रहा है।
लोनिवि खंड साहिया अंतर्गत हईया अलसी सकनी, लालपुल बिरमोऊ, देऊ भंजरा, बडनू जोशी गांव, बिजऊ बैंग समाया समेत 16 मोटर मार्ग बंद हो गए हैं। अधिशासी अभियंता प्रत्यूष कुमार ने बताया कि प्रमुख मार्ग कालसी-चकराता और साहिया-क्वानू पर मलबा हटाकर यातायात बहाल करा दिया गया है।