देहरादून। 11 इंडिया इंटरनेशनल साइंस फेस्टिवल-2025 के कर्टेन रेजर कार्यक्रम का आयोजन वाडिया हिमालय भू-विज्ञान संस्थान में किया गया। यूकॉस्ट के संयुक्त निदेशक डॉ. डीपी उनियाल ने कहा, क्यों न हमें स्वदेशी विज्ञान पर गौरवान्वित होना चाहिए? हमें स्वदेशी विज्ञान का विकास करना चाहिए? विषय पर छात्रों के साथ संवाद किया। साथ ही आईएसएफ-2025 के बारे में विस्तार से जानकारी देने के साथ ही उसमें शामिल होने का आह्वान किया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि व आईआईपी के निदेशक हरेंद्र बिष्ट ने उनके संस्थान के माध्यम से हो रहे शोध कार्यों की जानकारी भी साझा की। उन्होंने प्लास्टिक कचरे के इस्तेमाल को लेकर हुए कार्य और उपयोग के बारे में बताया। देवभूमि विज्ञान समिति के प्रदेश अध्यक्ष व विशिष्ट अतिथि केडी पुरोहित व वाडिया संस्थान के निदेशक विनीत गहलोत ने भी संबोधित किया। इसके बाद विद्यार्थियों को वाडिया संस्थान के म्यूजियम और प्रयोगशालाओं का भ्रमण कराने के साथ वर्तमान में चल रहे शोध कार्याें के बारे में बताया गया। इंडिया इंटरनेशनल साइंस फेस्टिवल का आयोजन छह से नौ दिसंबर को पंचकूला में होगा। ब्यूरो