आरोपी के खिलाफ कोटद्वार पुलिस ने अब तक की जांच के आधार पर आईपीसी की धारा 406, 420 के तहत मुकदमा दर्ज किया है। आरोपी अमरीश प्रताप को दबोचने के लिए पहले उसके नोएडा स्थित आवास पर दबिश दी गई थी, लेकिन वह नहीं मिला। इसके बाद उसके बैंक खातों में उसका भोपाल का पता मिलने पर वहां दबिश दी गई, लेकिन वह वहां भी नहीं मिला।
उपनिरीक्षक कमलेश शर्मा की अगुवाई में पुलिस टीम ने भोपाल में ही डेरा डाल दिया। वहां मुखबिरों का जाल बिछाया गया, जिससे पता चला कि आरोपी भोपाल में ही अपार्टमेंट में रह रहा है और पुलिस ने 13 दिसंबर को उसे दबोच लिया।
आरोपी दिल्ली भागने की फिराक में था। भोपाल की स्थानीय कोर्ट से आरोपी को ट्रांजिट रिमांड पर रविवार देर शाम कोटद्वार लाया गया। सोमवार को उसे स्थानीय कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे 14 दिन की न्यायिक अभिरक्षा में पौड़ी जेल भेज दिया गया है।
इस मामले का खुलासा करने वाली पुलिस टीम में एएसपी प्रदीप कुमार राय, सीओ अनिल जोशी, कोतवाल मनोज रतूड़ी, एसएसआई प्रदीप नेगी, एसआई कमलेश शर्मा, एसआई सुनील पंवार आदि शामिल रहे।