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Dehradun: लापरवाही का आलम...हाईटेंशन तारों के नीच पढ़ रहे मासूस, कभी भी हो सकता है हादसा

Fri, 13 Oct 2023 04:34 PM IST
देहरादून ब्यूरो अमर उजाला, न्यूज डेस्क, देहरादून

सार

तारों को दूसरे स्थान पर शिफ्ट करने के लिए राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, बनियावाला के प्रधानाचार्य ने बीते साल सितंबर माह में यूपीसीएल के अधिशासी अभियंता को पत्र लिखा था। एक साल से अधिक का समय बीतने के बाद भी कोई समाधान नहीं निकला।
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आरकेडिया ग्राम सभा वनियाला स्थित राजकीय पूर्व माध्यमिक व राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय - फोटो : जागरूक पाठक
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विस्तार
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राजधानी दून के सरकारी विद्यालय में बड़े खतरे के नीचे बच्चे पढ़ रहे हैं। सहसपुर ब्लॉक के राजकीय पूर्व माध्यमिक व राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय की छत व परिसर से बिजली की हाईटेंशन लाइन गुजर रही है। इन तारों का करंट स्कूल में कभी भी दौड़ सकता है। मासूम छात्रों की सुरक्षा को लेकर अधिकारी गंभीर नहीं है।

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तारों को दूसरे स्थान पर शिफ्ट करने के लिए राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, बनियावाला के प्रधानाचार्य ने बीते साल सितंबर माह में यूपीसीएल के अधिशासी अभियंता को पत्र लिखा था। एक साल से अधिक का समय बीतने के बाद भी कोई समाधान नहीं निकला। स्कूल मैदान के बीचो-बीच से व स्कूल के मुख्य गेट के ऊपर से 33 केवी व 11 हजार केवी की दो बिजली लाइनें बिना गाडरिग किए गुजर रही हैं। वहीं, स्कूल परिसर में दो बिजली के पोल भी खड़े हैं। बरसात के समय में कई बार करंट दौड़ जाता है। स्कूल के एक शिक्षक ने बताया, स्कूल में सुभाष चंद्र बोस छात्रावास की छात्राएं भी पढ़ने आती हैं।

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ऐसे में मासूमों के सिर पर हर रोज बड़ा खतरा मंडरा रहा है। उधर, इस संबंध में आरकेडिया ग्राम सभा की पूर्व उप प्रधान गीता बिष्ट ने राज्यपाल को पत्र भेज कार्रवाई की मांग की है। कहा, दोनों दोनों विद्यालयों में करीब 200 छात्र-छात्राएं पढ़ते हैं। बरसात के दिनों में स्कूल के एक बच्चे को खेलते समय खंभे से करंट लग गया था।
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तारों या बिजली के खंभों को शिफ्ट करने के लिए आवेदनकर्ता को निर्धारित फीस भी जमा करनी होती है। स्कूल के मामले में देखना होगा कि फीस जमा हुई है या नहीं। फाइल देखने के बाद ही कुछ कहा जा सकता है।
- मोहन मित्तल, अधिशासी अभियंता, मोहनपुर डिवीजन, यूपीसीएलI

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