पूर्व मंत्री व कांग्रेस के वरिष्ठ नेता नवप्रभात ने कहा कि पंचायतों के आरक्षण सूची में अनुसूचित जाति और अन्य पिछड़ा वर्ग के साथ अन्याय किया गया है। उन्होंने क्षेत्र में अनुसूचित जनजाति की सीट बढ़ाए जाने पर कड़ी नाराजगी जताई। निर्वाचन विभाग से आरक्षण की त्रुटियों को ठीक करने की मांग की है।
अपने आवास पर पत्रकारों से बात करते हुए पूर्व मंत्री नवप्रभात ने कहा कि निर्वाचन विभाग की जारी की गई आरक्षण सूची में भारी त्रुटियां हैं। इनके चलते पात्र लोगों को चुनाव लड़ने से वंचित कर दिया गया है। उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि यदि 2011 की जनगणना के आधार पर मौजूदा आरक्षण की व्यवस्था बनाई गई है तो ग्राम पंचायतों में एसटी, एससी, ओबीसी के आरक्षण को किस आधार पर बढ़ाया-घटाया गया है। उन्होंने कहा कि विकासनगर ब्लॉक की ग्राम पंचायतों में 2011 के आरक्षण में अनुसूचित जनजाति के लिए आठ सीट आरक्षित की गई थीं। जिन्हें बढ़ाकर अब 13 कर दिया गया है। जबकि अनुसूचित जाति की सात सीट को घटाकर छह कर दी गई हैं। इसी तरह ओबीसी सीटों के आरक्षण में भी छेड़छाड़ करते हुए 11 से घटाकर सात कर दी गई हैं। उन्होंने कहा कि आरक्षण की मौजूदा व्यवस्था में अनुसूचित जाति और अन्य पिछड़ा वर्ग के साथ अन्याय किया गया है। पत्रकार वार्ता में राज्य अल्पसंख्यक आयोग के पूर्व सदस्य संजय जैन, कांग्रेस के ब्लाॅक अध्यक्ष अभिनव ठाकुर, कुंवर पाल सिंह, आशीष पुंडीर, विनय जायसवाल उपस्थित रहे।