उच्च हिमालयी क्षेत्र के लोग चीन के राशन पर निर्भर हैं। ग्रामीणों को सरकार की ओर से माह का ढाई किलो चावल दिया जाता है। ऊपरी क्षेत्रों में कुट्टू की फसल के अलावा कुछ नहीं होता। चीन ने भारतीय गांव गर्ब्यांग के पार बसे नेपाल के छांगरू और तिंकर गांवों को पूरी सुविधा दी है।
इन गांवों को पर्याप्त मात्रा में राशन दिया जा रहा है और आंतरिक मार्गों को देखरेख के लिए धन मुहैया कराया जाता है। सीतापुल होते हुए दोनों गांवों से चावल, आटा, रिफाइंड आदि खाद्य सामग्री गुंजी, गर्ब्यांग, रोंगकोंग, नाभि, नपलच्यू आदि गांवों में बिक्री के लिए पहुंचता है।
पांच दिन के लिए बढ़ी हवाई सेवा
रक्षामंत्री निर्मला सीतारमण के भ्रमण के दिन हवाई सेवा मुहैया कराई गई, लेकिन उस दिन के बाद से यह सेवा बंद है। एसडीएम आरके पांडेय ने बताया कि लोगों की परेशानी को देखते हुए पांच दिन के लिए हवाई सेवा की अवधि बढ़ाई गई है। मौसम साफ होने पर हवाई सेवा शुरू की जाएगी।