सूत्रों के मुताबिक नेपाल के कारोबारी से लेकर आम नागरिक तक सौ रुपये से बड़े नोट लेने से मना कर रहे हैं। हालांकि नेपाल में वहां की सरकार ने भारतीय दो सौ, पांच सौ, दो हजार रुपये के नोटों के चलन पर पहले से ही प्रतिबंध लगाया है और वहां के बैंक भी सौ रुपये से बड़े भारतीय नोट जमा नहीं करते हैं।
सामान्य हालात तक नेपाल के सीमांत बाजारों में इन नोटों का चलन जारी था। इसकी वजह यह थी कि सीमांत के कारोबारी इन बड़े नोटों को वापस भारत में आसानी से खपा लेते थे। इन दिनों कोरोना संकट के कारण दोनों देशों की सीमा सील है। खुली आवाजाही पर प्रतिबंध है। ऐसे में वहां के कारोबारी और आम नागरिक अब भारतीय सौ रुपये से बड़े नोट लेने से इनकार कर रहे हैं।
बताया गया है कि जिन कारोबारियों के पास सौ से बड़े नोट हैं, वे उन्हें नेपाली नोटों में बदलने की कोशिश में जुटे हैं और भारतीय कारोबारियों को बड़े नोट लौटाकर बदले में या तो नेपाली करेंसी या फिर सौ रुपये तक के छोटे भारतीय नोट ले रहे हैं। नेपाल के सीमांत गड्ढा चौकी सीमा के मनी एक्सचेंजर जंगबहादुर मल का कहना है कि नेपाल में भारतीय नोटों पर प्रतिबंध जैसी बातें महज अफवाह है। सीमा सील होने के कारण भारतीय बड़े नोटों के वापस भारत में नहीं खप पाने के कारण यह स्थिति पैदा हुई है।