बाड़ाहोती में बार-बार घुसपैठ करता है चीन
जब भारत-तिब्बत सीमा पर व्यापार सुगमता से होता था तो वर्ष 1959 में चीन ने उत्तराखंड से लगी सीमा पर भी अपनी धमक दिखानी शुरू कर दी थी। इसका प्रतिफल यह रहा कि वर्ष 1962 में भारत और चीन के बीच युद्ध हुआ जिससे भारत-तिब्बत व्यापार पूर्ण रूप से बंद हो गया।
युद्ध से पहले भारत और तिब्बत व्यापार की सबसे बढ़ी मंडी बाड़ाहोती थी। इस स्थान को भी चीन अपनी सीमा बताने का हमेशा प्रयास करता है और यहां घुसपैठ करता है। बाड़ाहोती बुग्याल करीब 10 किमी से अधिक है। बाड़ाहोती क्षेत्र में होतीगाड बहती है जो निचले क्षेत्र में आकर धौली गंगा में मिल जाती है और विष्णुप्रयाग में अलकनंदा में विलय हो जाती है।