-प्रोफेसर के मानदेय में 80 हजार, एसोसिएट प्रोफेसर के 42 हजार और असिस्टेंट प्रोफेसर का मानदेय 30 हजार बढ़ा
-शासन ने जारी किए आदेश, एक दिसंबर 2025 से लागू होगा बढ़ा हुआ मानदेय
अमर उजाला ब्यूरो
देहरादून। प्रदेश सरकार ने राजकीय मेडिकल कॉलेजों में अलग-अलग फैकल्टी में संविदा पर तैनात प्रोफेसर, एसोसिएट प्रोफेसर व असिस्टेंट प्रोफेसर के मानदेय में बढ़ोतरी की है। इस संबंध में सचिव स्वास्थ्य डॉ. आर. राजेश कुमार ने आदेश जारी किए। बढ़ा हुआ मानदेय एक दिसंबर 2025 से लागू होगा।
राजकीय मेडिकल कॉलेज देहरादून, हल्द्वानी, श्रीनगर, अल्मोड़ा व हरिद्वार में संविदा पर कार्यरत फैकल्टी के सदस्यों को प्रति माह मिलने वाले मानदेय में बढ़ोतरी की गई। संविदा प्रोफेसर का मानदेय 1.43 लाख से बढ़ा कर 2.25 लाख किया गया। इसी तरह एसोसिएट प्रोफेसर का 1.23 लाख से बढ़ाकर 1.65 लाख व असिस्टेंट प्रोफेसर का 95 हजार से बढ़ा कर 1.25 लाख प्रतिमाह किया गया।
स्वास्थ्य सचिव डॉ. आर. राजेश कुमार ने कहा कि प्रदेश सरकार चिकित्सा शिक्षा को राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिस्पर्धी बनाने के लिए प्रयासरत है। संकाय सदस्यों को बेहतर पारिश्रमिक मिलने से योग्य विशेषज्ञ डॉक्टर उत्तराखंड की ओर आकर्षित होंगे। साथ ही मेडिकल कॉलेजों में शिक्षा व शोध का स्तर भी और ऊंचा होगा। मानदेय बढ़ाने का निर्णय छात्रों, शिक्षकों व राज्य की स्वास्थ्य व्यवस्था के हित में है। शासनादेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि पूर्व में लागू अन्य सभी शर्तें यथावत रहेंगी। स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग को उम्मीद है कि इस फैसले से राजकीय मेडिकल कॉलेजों में संकायों के लिए विशेषज्ञ डॉक्टर उपलब्ध होंगे।