अमर उजाला नुक्कड़ नाटक प्रतियोगिता में युवाओं के उत्साह को देखकर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि ये सभी युवा 2025 तक देवभूमि उत्तराखंड को नशामुक्त करने के संकल्प के ब्रांड एंबेसडर हैं। उन्होंने कहा कि हम सब यहां से सौगंध खाकर जाएंगे कि अपने आसपास किसी को नशा नहीं करने देंगे।
प्रतियोगिता के समापन अवसर पर बतौर मुख्य अतिथि पहुंचे मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि नशा हमारी पीढ़ियों, नौजवानों को घुन की तरह नुकसान पहुंचाता है। जब कोई युवा नशे में लिप्त हो जाता है तो उसका पता तब चलता है जब वह अपनी जिंदगी खराब कर लेता है। मां-बाप बच्चे को इतनी मेहनत से पढ़ाते हैं।
उन्होंने अमर उजाला की नशे की अंधेरी राह में उजाला मुहिम की भूरि-भूरि प्रशंसा करते हुए कहा कि यह शुरुआत सरकार के देवभूमि को 2025 तक नशामुक्त करने के संकल्प में मील का पत्थर साबित होगी। उन्होंने कहा कि इतनी बड़ी संख्या में जो युवा आज नशे के खिलाफ अलख जगाने आए हैं, वह सभी हमारे ब्रांड एंबेसडर हैं। आज इस कार्यक्रम से हम सौगंध खाकर, शपथ और संकल्प लेकर जाएंगे कि अपने आसपास रहने वाले किसी भी व्यक्ति को नशे का आदी नहीं होने देंगे।
सीएम धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में राज्य की सरकार लगातार बेहतर काम कर रही है। प्रदेश में पहले नकल माफिया हावी थी, जो मेहनती व योग्य युवाओं की नौकरी छीन लेते थे, लेकिन ऐसे नकल माफियाओं को सलाखों के पीछे भेजा गया। इन पर सख्ती के लिए ऐसा सख्त नकलरोधी कानून बनाया, जिसमें ऐसा करने वालों को उम्रकैद की सजा हो। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार में उत्तराखंड लोक सेवा आयोग ने 6635 युवाओं को नौकरी दी, जबकि समूह-ग के भी 7600 से ज्यादा पदों पर भर्तियां की गईं। अब सभी विभागों से रिक्त पदों की जानकारी मांगी गई है, ताकि और अधिक युवाओं को नौकरियां दी जा सकें।
सीएम ने कहा कि ग्लोबल इन्वेस्टर समिट में दुनिया के 50 से ज्यादा देशों से उद्योगपतियों ने उत्तराखंड में काम करने की इच्छा जताई है। साढ़े तीन लाख करोड़ से ऊपर के एमओयू साइन हुए हैं। इन उद्योगों के स्थापित होने से प्रदेश के युवाओं को और अधिक रोजगार मिलेंगे। सरकार की पारदर्शी नीति का ही नतीजा है कि राज्य के कई युवाओं को एक नहीं कई-कई नौकरियां मिल रही हैं।