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एप्रोच मार्ग की दीवार गिरने के मामले में निलंबन की कार्रवाई ने तूल पकड़ा

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रायपुर-थानो मार्ग के बीच स्थित बड़ासी पुल की एप्रोच मार्ग की दीवार गिरने के मामले में निलंबित किए गए तीन इंजीनियरों का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। उत्तराखंड डिप्लोमा इंजीनियर संघ ने निलंबन की कार्रवाई को भेदभावपूर्ण बताते हुए इसकी भर्त्सना की। कहा कि निलंबन वापस नहीं लिया गया तो संघ आंदोलन करने के लिए बाध्य होगा।
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बुधवार को संघ भवन, देहरादून में प्रांतीय उपाध्यक्ष अरुण भंडारी की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में कहा गया कि इंजीनियरों के खिलाफ बिना जांच के एकतरफा कार्रवाई की गई है। इस मामले में निलंबित अधिशासी अभियंता जीत सिंह रावत के बारे में कहा गया कि उन्होंने 17 अक्तूबर 2018 को कार्यभार ग्रहण किया था, जबकि पुल का निर्माण रायपुर में होने वाली इनवेस्टर समिट से पूर्व ही 10 अक्तूबर को पूरा हो गया था। रावत ने अधिशासी अभियंता के रूप में पुल का कोई भी कार्य नहीं कराया। इसके अलावा सहायक अभियंता अनिल कुमार चंदोला के निलंबन की कार्रवाई बिना विस्तृत तकनीकी जांच कराए की गई है। सहायक अभियंता ने उपलब्ध ड्राइंग व डिजाइन के अनुसार ही कार्य कराया है। समय-समय पर उच्चाधिकारियों की ओर से निरीक्षण भी किया गया। उस समय इनवेस्टर समिट से पहले पुल पर यातायात शुरू कराने का दबाव भी उच्चधिकारियों की ओर से बनाया जा रहा था। जिस कारण आरसीसी दीवारों और एप्रोच के भरान का कार्य दिन-रात कराया गया। जिस कारण आरसीसी दीवार संभवत: सेट होने से पहले भरान का कार्य करा दिया गया। संघ ने मुख्यमंत्री से मांग की कि कार्य की विस्तृत जांच रिपोर्ट आने तक निलंबन की कार्रवाई को स्थगित रखा जाए। यदि निलंबन की कार्रवाई को स्थगित नहीं किया जाता तो संघ आंदोलन के लिए बाध्य होगा। बैठक में प्रांतीय महामंत्री एसएस चौहान, प्रवीन सक्सेना, केके उनियाल, भगवान सिंह चौहान, आरसी शर्मा, छबील दास सैनी, शिवराज सिंह आदि मौजूद रहे।
क्या है मामला
देहरादून में रायपुर-थानो मार्ग के बीच स्थित बड़ासी पुल के एप्रोच मार्ग की दीवार गिरने के मामले में मंगलवार को शासन ने कड़ी कार्रवाई करते हुए विभाग के अधिशासी अभियंता जीत सिंह रावत व तत्कालीन अधिशासी अभियंता शैलेंद्र मिश्र व सहायक अभियंता अनिल कुमार चंदोला को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया था। उन पर आरोप है कि उन्होंने एप्रोच मार्ग के निर्माण अपने दायित्व का सही प्रकार से निर्वहन नहीं किया। निलंबन की यह कार्रवाई मुख्य अभिंयता राष्ट्रीय राजमार्ग की प्राथमिक जांच रिपोर्ट के आधार पर की गई है। बड़ासी पुल के एप्रोच मार्ग की दीवार गिरने के मामले को शासन ने बेहद सख्ती से लिया। मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत ने सोमवार को इस मामले की उच्चस्तरीय जांच के आदेश दे दिए थे। मंगलवार को शासन ने निलंबन की कार्रवाई कर दी थी।
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