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आईएएस स्टिंग केस: मीडिया से मुखातिब हुआ निजी चैनल के सीईओ पर आरोप लगाने वाला पत्रकार

Mon, 29 Oct 2018 03:57 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
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मीडिया से मुखातिब होते हुए आयुष गौड़ - फोटो : अमर उजाला
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आईएएस स्टिंग केस में फंसे एक निजी चैनल के सीईओ उमेश कुमार शर्मा पर आरोप लगाने वाला पत्रकार आयुष गौड़ मीडिया से मुखातिब हुआ। आज दोपहर बाद मामले में वादी आयुष गौड़ ने देहरादून स्थित प्रेस क्लब में मामले के बारे में विस्तार से बताया।

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बता दें कि चैनल के सीईओ उमेश कुमार शर्मा पर मुकदमा राजपुर थाने में बीती 10 अगस्त को चैनल के ही पत्रकार आयुष गौड़ की तहरीर पर दर्ज किया गया था। गौड़ का आरोप है कि उमेश शर्मा राजनेताओं और अधिकारियों का स्टिंग करता है, लेकिन ये स्टिंग चैनल पर प्रसारित नहीं होते। बल्कि, संबंधित लोगों पर दबाव डालकर स्टिंग के एवज में मोटी रकम वसूली जाती है। आरोप है कि उमेश लगातार गौड़ पर भी कुछ अधिकारियों व मुख्यमंत्री का स्टिंग करने का दबाव बना रहा था।

इसी क्रम में उमेश ने इसी साल 12 जनवरी को गौड़ को विश्वास दिलाया कि उत्तराखंड के अधिकारी व राजनेता भ्रष्टाचार में लिप्त हैं। उमेश ने गौड़ से कुछ टेंडर हासिल करने की बात कहते हुए अपर मुख्य सचिव ओमप्रकाश का स्टिंग करने को कहा। कहा कि आठ फरवरी को मृत्युंजय मिश्रा उसे अपर सचिव ओमप्रकाश से मिलवाएगा। उसने गौड़ को वहां कुछ पैसे लेकर जाने और बातचीत में ही अपर मुख्य सचिव को पैसे देने को कहा। इसके लिए गौड़ को कुछ खुफिया कैमरे भी दिए गए। तय तिथि पर गौड़ की मिश्रा से मुलाकात हुई और मुख्यमंत्री से मुलाकात का वक्त भी तय हो गया।
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गौड़ ने पुलिस को बताया है कि लगभग एक माह तक बातचीत और मुलाकात होती रहीं, लेकिन यह तय नहीं हुआ कि कोई अधिकारी या राजनेता पैसे की मांग कर रहा है। तय वक्त पर मुख्यमंत्री से भी मुलाकात नहीं हो पाई। लिहाजा उसने स्टिंग नहीं किया। इसके बाद उमेश कुमार शर्मा ने स्टिंग की जिम्मेदारी राहुल भाटिया को सौंप दी। इसके बाद गौड़ और राहुल भाटिया को पांच मई को सीएम आवास पर स्टिंग के लिए भेजा गया। बावजूद इसके वह कोई स्टिंग नहीं कर पाए। आरोप है कि इस बात का जब उमेश को पता चला तो उसने गौड़ को धमकाया और जान से मारने की धमकी दी। यही नहीं उसने अपने रुतबे और पैसे की हनक दिखाते हुए उसे गायब कराने की बात भी कही।

इस शिकायत के आधार पर उमेश कुमार शर्मा, मृत्युंजय मिश्रा, राहुल भाटिया निवासी पनाष वैली सहस्रसधारा रोड, चैनल के ही पत्रकार व उमेश के भांजे प्रवीण और सौरभ दोनों निवासी गाजियाबाद के खिलाफ आईपीसी की धारा 386 (जान का भय दिखाकर वसूली करना), 388 (जेल भेजने का डर दिखाकर वसूली करना) और 120बी (आपराधिक षडयंत्र) के आरोप में मुकदमा दर्ज कर लिया गया।

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