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पढ़े-लिखे नौजवानों को मोटी सैलरी रास नहीं आई, ऑफिस जाने को स्कूटी चुराई

Fri, 29 Nov 2019 11:12 AM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून

सार

  • दिलचस्प है शिक्षित नौजवानों की अपराध की राह पर चलने की कहानी 
  • नामचीन स्कूलों की शिक्षा काम नहीं आई, बदनीयती में इज्जत गंवाई  
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पुलिस की गिरफ्त में आरोपी - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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कोई सोच नहीं सकता है कि 50 से 60 हजार रुपये की मासिक सैलरी पाने वाला स्कूटी चोरी कर सकता है, मगर सिविल इंजीनियर (डिप्लोमा) आकाश चौहान ने यह करतूत अंजाम देकर हर किसी को बैचेन कर दिया।

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पुलिस का दावा है कि चौहान ने स्कूटी सिर्फ इसलिए चुराई थी, ताकि गुड़गांव में आफिस से लेकर अपने कमरे तक का सफर तय कर सके। आरोपी को दूर तक अहसास नहीं था कि तीसरी आंख उसकी जुर्म की गवाह बन जाएगी। दूसरे आरोपी टॉप साइक्लिस्ट मोहित ऊबान की ऐसी भी कोई मजबूरी नहीं थी कि उसे अपराध की राह पकड़नी पड़े।

 

शिक्षित नौजवानों के अपराध की राह पर चलने की कहानी बेहद दिलचस्प

डालनवाला में चोरी में पकड़े गए दोनों शिक्षित नौजवानों के अपराध की राह पर चलने की कहानी बेहद दिलचस्प है। परिवार ने जिंदगी संवारने को उन्हें नामी स्कूल में शिक्षा दिलाई, लेकिन बदनीयती हवालात के पीछे पहुंचाने का कारण बन गई।
 
एसपी सिटी श्वेता चौबे की माने तो आकाश चौहान सिविल इंजीनियर (डिप्लोमा) होने के साथ गुड़गांव की एक निर्माण कंपनी से जुड़ा है। बीच-बीच में आकाश चौहान दून आता रहता है। आरोपी आकाश और मोहित ने एक दूसरे के सामने आर्थिक संकट का रोना रोया।
 
बदनीयती ऐसी हावी हुई कि दोनों अपराध की राह पर चलने को राजी हो गए। पहले दिन कर्जन रोड से स्कूटी चुराई तो अगले ही दिन धीमान दंपति के घर हाथ साफ कर दिया। जांच पड़ताल के दौरान पुलिस को इस बात का अहसास नहीं था कि स्कूटी चुराने वाला सिविल इंजीनियर हो सकता है।
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आरोपी का इरादा स्कूटी को गुडगांव ले जाना था

फुटेज के आधार पर पुलिस उसकी पहचान में जुटी थी। पूछताछ में पता चला है कि गुड़गांव में आफिस और आकाश के कमरे की दूरी काफी थी। ऐसे में उसे वाहन की दरकार थी। एसपी चौबे बताती हैं कि आरोपी का इरादा स्कूटी को गुड़गांव ले जाना था।
 
दूसरे आरोपी मोहित के पिता सरकारी महकमे में बताए गए हैं। यूएसए की एक कंपनी से अच्छा ऑफर था। धन जुटाने को मोहित ने अपने ही परिचित धीमान दंपती के घर चोरी कर डाली। घटना के खुलासे में सीसीटीवी फुटेज काफी मददगार साबित हुई। एक के साथ चोरी की दूसरी घटना भी खुल गई।

मोहित ने किया विश्वासघात
 
साइक्लिस्ट कमल धीमान और उसकी पत्नी विश्व धीमान का कहना है कि मोहित को वो बेटे से कम नहीं मानते थे। काफी समय से उसका घर पर आना जाना था। एक बार तो उन्हें विश्वास ही नहीं हुआ कि मोहित इस तरह की घटना कर सकता है। सीसीटीवी फुटेज और घर से चोरी माल बरामद होने से दूध का दूध और पानी का पानी हो गया। दंपती का कहना है कि मोहित ने उनके विश्वास का छला है।
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