उत्तरी पूर्वी विभाग भारत सरकार के सचिव नवीन वर्मा एवं संयुक्त सचिव जेके सिन्हा के नेतृत्व में पहुंची टीम ने हैस्को की तकनीकी पर संचालित उत्पादन इकाईयों को देखा और उत्तरी पूर्वी राज्यों के लिए भी हैस्को की तकनीक मांगी।
उत्तरी पूर्वी विभाग भारत सरकार के सचिव नवीन वर्मा एवं संयुक्त सचिव जेके सिन्हा ने बुधवार को हैस्को गांव शुक्लापुर का निरीक्षण किया। पद्मश्री एवं हैस्को के डा. अनिल प्रकाश जोशी ने कहा कि उत्तरी पूर्वी राज्यों में हैस्को अपनी तकनीक देगा। तकनीकी की मदद से हैस्को हब बनाया जाएगा, जिससे एक ही जगह पर ग्रामीणों को समूह ट्रेनिंग दी जाएगी। ट्रेनिंग के बाद ग्रामीण स्थानीय उत्पादों की पैकिंग और प्रोसेसिंग कर आत्मनिर्भर बन पाएंगे।
सचिव नवीन वर्मा और उनकी टीम ने शुक्लापुर गांव में सौर ऊर्जा से संचालित ड्रायर, कूकर, सोलर वाटर हीटर, पनचक्की, पन बिजली, वाटर रिचार्ज मॉडल, फ्रूट प्रोसेसिंग इकाई, लैंटाना उत्पाद केंद्र, वर्मी कंपोस्ट पिट, ब्रिकेटिंग मशीन और पायरोलाइजर तकनीकी संचालित यूनिटों का निरीक्षण किया। कई उत्पादों का स्वाद लिया। सचिव ने कहा कि शुक्लापुर गांव के निरीक्षण का उद्देश्य उत्तरी पूर्वी राज्यों में हैस्को तकनीकी की मदद लेना है।
सचिव ने कहा कि उनका मंत्रालय हैस्को से के साथ एमओयू साइन करेगा। इसके बाद उत्तरी पूर्वी राज्यों के हर प्रदेश में एक-एक सर्विस टेक्नोलॉजी हब बनाया जाएगा। इससे हैस्को की तकनीकी उत्तर पूर्वी राज्यों में स्थानांतरित हो जाएगी।
इसमें देश के नामी संस्थान आईआईटी, आईसीएआई, बीएआरसी और एफआरआई की भी मदद ली जाएगी। तकनीकी हस्तांतरण से पहले पूरी कार्ययोजना तैयार की जाएगी। राज्य में होने वाले स्थानीय उत्पादों की सूची बनाई जाएगी।