जनआवास योजना का शुभारंभ करने पहुंचे सीएम हरीश रावत ने खुद को उस किसान की संज्ञा दी जिसे अपनी पकी हुई फसल की रक्षा करने के साथ ही खुद की सुरक्षा करना भी आवश्यक होता है।
रावत का कहना था इन पांच सालों में उन्होंने अच्छी खेती कर भरपूर फसल तैयार की है, लेकिन जब फसल काटने का समय आया तो दिल्ली वाले उन्हें बम से तो देहरादून वाले तमंचों से डरा रहे हैं। कई और लोग भी है जो नहीं चाहते कि हरीश रावत रहे।
उत्तराखंड जन आवास योजना का शुभारंभ करने पहुंचे सीएम हरीश रावत ने अपने राजनीतिक तरकश के तीर चलाकर लोगों को कांग्रेस के पक्ष में मतदान करने का खुले मंच से इशारा किया। जहां कार्यक्रम में कांग्रेस के कई बड़े पदाधिकारियों ने केंद्र सरकार की नोटबंदी को लोगों की परेशानी रखते हुए निशाना बनाया वहीं सीएम रावत ने भी केंद्र को घेरने में कोई कसर नहीं छोड़ी।
सीएम हरीश रावत मलिन बस्तियों में सुधार करने के बहाने क्षेत्र की जनता से चुनाव में जिताने का इशारा करते नजर आए। सीएम का कहना था कि मलिन बस्तियों के सुधारीकरण के लिए पांच वर्षों की चरणबद्ध योजना बनाई गई है। इन पांच वर्षों में हर गरीब के घर के सपने को वह पूरा करेंगे।