शिक्षकों और छात्राओं को कुछ समझ नहीं रहा था। करीब तीन घंटे तक विद्यालय में अफरा-तफरी का माहौल रहा। इसके बाद अपराह्न दो बजे शिक्षकों ने तबीयत अधिक बिगड़ जाने पर छात्राओं को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया। जबकि सूचना पर कुछ छात्राओं के अभिभावक स्कूल पहुंच गए।
शिक्षकों ने बताया कि एक माह से कभी-कभी छात्राएं इस तरह से चिल्ला रही हैं। इधर, सीएचसी घाट के चिकित्साधिकारी डा. मुकेश पाल का कहना है कि छात्राओं की स्थिति अब सामान्य है।
स्वास्थ्य विभाग की टीम को विद्यालय में ले जाकर पीड़ित छात्राओं की काउंसिलिंग की जाएगी। इधर, जीआईसी बाजबगड़ के प्रधानाचार्य दिनेश कुमार ने बताया कि अभिभावकों से इस संबंध में बात की गई। चिकित्सकों द्वारा उपचार के बाद छात्राओं के सामान्य होने पर उन्हें छुट्टी दे दी गई है।