बताया कि चंचल कई वर्षों से अलग रहता था और कोई काम न होने के कारण कम ही घर आता था। उसकी शादी आठ-नौ साल पहले हुई थी, लेकिन पत्नी अलग रहती है।
सप्ताह भर से थी टस्कर की गतिविधि
चकरपुर से सटे खटीमा रेंज के उत्तरी बनबसा कक्ष छह से आठ तक के जंगल में टस्कर की आवाजाही सप्ताह भर से हो रही है। टस्कर पंथागोठ में एक छप्पर को तोड़ चुका है। चकरपुर पुलिस चौकी के पास और हाईवे पर दो-तीन दिनों में कई बार टस्कर नजर आ चुका है। बुधवार को ही खटीमा रेंजर बीएस बिष्ट ने बताया था कि ग्रामीणों को सतर्क रहने के लिए कहा जा रहा है और रात में ही टस्कर ने ग्रामीण को मौत के घाट उतार दिया।
टस्कर पर नजर रखी जा रही है, जिसका मूवमेंट क्षेत्र में तेजी से हो रहा है। संवेदनशील क्षेत्र में हाथी सुरक्षा दीवार बनाने के प्रस्ताव पर विचार किया जाएगा। साथ ही मृतक के परिवार को मुआवजा दिलाने की तैयारी की जा रही है।
- बीएस बिष्ट, रेंजर, खटीमा