श्रुति के दरवाजा हिलाते ही चटकनी खुल गई। श्रुति ने बताया कि निधि अपनी बड़ी बहन प्रीति रतूड़ी के साथ यहां रहती थी। प्रीति एक निजी संस्थान से बीएड कर रही है। जबकि निधि बीएससी तृतीय सेमेस्टर की छात्रा थी।
निधि की बड़ी बहन प्रीति सुबह साढे़ 9 बजे कोचिंग क्लास के लिए चली गई थी। करीब साढे़ 10 बजे श्रुति निधि को बुलाने के लिए उसके कमरे पर पहुंची तो उसने निधि को पंखे के हुक से लटकते हुए देखा। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को पंखे को उतारा। कोतवाल एनएस बिष्ट ने कहा कि प्रथम दृष्टया मामला आत्महत्या का लग रहा है। परिजनों व आस-पास के लोगों से भी जानकारी जुटाई जा रही है।
निधि ने अपने पिता को सुबह 10 बजकर 7 मिनट से 10 बजकर 10 मिनट तक करीब 17 मैसेज किए थे, जिसमें निधि ने उनसे दूर जाने संबंधी बात कही है। मैसेज में उसने मम्मी पापा से इस कदम के लिए माफी मांगी है। नेट न चलने के कारण ये मैसेज उसके पापा तक नहीं पहुंच पाए।