अगर चालक फौरन इंजन का ब्रेक लगाता तो इंजन और डब्बे आपस में टकरा सकते थे। घटना के बाद ट्रेन को किसी तरह से लक्सर ले जाया गया। यहां प्लेटफार्म नंबर दो पर ट्रेन रोकी गई और श्रीमाता वैष्णो देवी एक्सप्रेस के इंजन की सेफ्टी पिन लगाकर ट्रेन को धनबाद के लिए रवाना किया गया।
ट्रेन में यात्रा करने वाले राजकुमार, मुकेश कुमार, सचिन कुमार, नौशाद, गुलशन अरोड़ा बताया कि कपलिंग टूटने के बाद उन्हें तेज झटका महसूस हुआ। एकबारगी तो लगा जैसे भूकंप आया हो। कई लोग सीटों से नीचे गिर गए। घटना के बाद लगभग एक घंटे तक रुड़की में ट्रेन खड़ी रही। इसके बाद लक्सर रेलवे स्टेशन पर ट्रेन को करीब एक घंटे रोका गया।
कपलिंग टूटने ये ट्रेनें भी हुईं लेट
जम्मूतवी से गोरखपुर जाने वाली अमरनाथ एक्सप्रेस को लंढौरा में एक घंटे रोका गया जबकि सहारनपुर से मुरादाबाद जाने वाली मेमू पैसेंजर को ढंडेरा, अमृतसर से देहरादून जाने वाली दून एक्सप्रेस को रुड़की, हरिद्वार से दिल्ली जाने वाली दिल्ली पैसेंजर ट्रेन को लक्सर रेलवे स्टेशन पर रोका गया।
मुरादाबाद रेलवे स्टेशन पर इंजन से अलग हुए पार्सल यान कोच संख्या 18851 की जांच कराई गई तो पता चला कि उसमें क्षमता से 16 टन अधिक माल भरा गया। इसी वजह से पार्सल यान की कपलिंग टूट गई और ट्रेन दो हिस्सों में बंट गई।
-बृजपाल सिंह, लोको निरीक्षक