डालनवाला पुलिस ने रात में लग्जरी कारों के टायर चुराने वाले गैंग का भंडाफोड़ करते हुए तीन बदमाशों को गिरफ्तार किया है। इनकी निशानदेही पर पुलिस ने दस टायर बरामद किए हैं। आरोपी टायर को चुराकर दिल्ली में बेचते थे। मुख्य आरोपी जौलीग्रांट अस्पताल के आईसीयू में भर्ती है।
पुलिस अधीक्षक नगर श्वेता चौबे ने बताया कि शहर कोतवाली, राजपुर और डालनवाला में लग्जरी कारों से टायर चुराने की कई घटनाएं सामने आई थी। इस पर पीड़ित अजित सब्बरवाल, पल्लवी जैन आदि की ओर से कार से टायर चोरी होने का मुकदमा भी दर्ज कराया था। इंस्पेक्टर राजीव रौथाण के नेतृत्व में जांच टीम गठित की गई थी। सीसीटीवी कैमरे फुटेज खंगालने पर एक कार शक के दायरे में आई थी। इसी पर जांच आगे बढ़ाई तो पता चला कि यह कार सक्षम असवाल (निवासी डंगवाल मार्ग) ने ओएलएक्स के माध्यम से 40 हजार रुपये में खरीदी थी। साक्ष्यों का संकलन करने के बाद लव राघव (निवासी मालवीय नगर नई दिल्ली), सक्षम अग्रवाल और अनिकेत वर्मा (निवासी नेशविला रोड) को हिरासत में लिया। इन्होंने रेस्टोरेंट मालिक सरदार जय प्रतीक सिंह के साथ मिलकर राजपुर, डालनवाला और शहर कोतवाली में हुई टायर चोरी की घटनाओं को अंजाम दिया था। एसपी ने बताया कि घटना के खुलासे में सिपाही सोहन बडोनी का अहम योगदान रहा है। सीओ डालनवाला जया बलूनी भी इस दौरान मौजूद रही।
दिल्ली के ठग ने दून में लिया फ्लैट
पकड़े गए आरोपियों में लव राघव दिल्ली का शातिर ठग बताया जाता है। वह दिल्ली और थाना डालनवाला से कार चोरी में जेल भी जा चुका है। डेढ़ माह से लव शहर में फ्लैट लेकर रहे रहा था। इसने कैनाल रोड पर रेस्टोरेंट संचालक सरदार जय प्रतीक सिंह के साथ मिलकर टायर चोरी का गिरोह बनाया था। बाद में इनके साथ सक्षम अग्रवाल और अनिकेत भी जुड़ गए। चोरी के टायरों को उठाने के लिए सक्षम ने कार को खरीदा था। टायर चोरी करने के बाद आरोपी इसी कार से टायरों को दिल्ली ले जाकर बेच आते थे।
आईसीयू में है मुख्य आरोपी
टायर गिरोह का मुख्य आरोपी सरदार जय प्रतीक सिंह फिलहाल जौलीग्रांट अस्पताल के आईसीयू में भर्ती है। एसपी सिटी श्वेता चौबे ने बताया 26 जून को प्रतीक सिंह दिल्ली में चोरी के टायर बेचने के बाद कार से लौट रहा था। खतौली और मुजफ्फरनगर के बीच हुए हादसे में यह घायल हो गया था। तब से उसकी हालत नाजुक बनी हुई है।
10-12 मिनट में खोल लेते हैं टायर
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि आरोपियाें को कारों से टायर चोरी करने में महारथ हासिल है। आरोपी 10-12 मिनट में कार के दो-तीन टायर निकाल लेते थे। सीसीटीवी कैमरे की फुटेज में इस बात की पुष्टि हुई है। आरोपियों ने एक कार के चारों टायर निकाल लिए थे। बाद में उसे ईंटों पर खड़ी कर फरार हो गए थे।