यहां स्रोत से ट्रीटमेंट के बाद मिलेगा पानी
तिलवाड़ा, चिन्यालीसौड़, थराली, ऊखीमठ, गोपेश्वर, जोशीमठ, नंदप्रयाग, पीपलकोटि, अगस्त्यमुनि।
यहां ट्यूबवेल से मिलेगा पानी
भगवानपुर, शिवालिक नगर, पिरान कलियर, जसपुर, लक्सर, कालाढूंगी, झबरेड़ा, लंढौरा, भीमताल।
यहां पंपिंग योजनाओं से मिलेगा पानी : गैरसैंण, रानीखेत, लोहाघाट, गंगोलीहाट, घनसाली, बेरीनाग, चंबा, रुद्रप्रयाग, चमियाला, बागेश्वर, पुरोला, लंबगांव, बड़कोट, कीर्तिनगर, द्वाराहाट, नौगांव, अल्मोड़ा, नई टिहरी, भिकियासैंण, भवाली।
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प्रदेश के 38 कस्बों में पेयजल आपूर्ति की योजनाओं के निर्माण को 1600 करोड़ का प्रस्ताव रखा गया है। जायका को इसका प्रस्तुतिकरण भी दिया जा चुका है। वन विभाग से एनओसी का प्रस्ताव दिया जा चुका है। भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया भी पूरी होगी। इसके बाद काम शुरू होगा।
- उदयराज सिंह, एमडी, पेयजल निगम