विला बेचने के नाम पर एयरफोर्स एकेडमी में तैनात स्क्वार्डन लीडर के साथ बिल्डर ने धोखाधड़ी कर ली। बिल्डर ने जिस खसरा नंबर को अपना बताकर विला बेचने के लिए अनुबंध किया वह उसका था ही नहीं। इस शिकायत पर शहर के अग्रवाल डवलपर्स के मालिक और उसके एक मैनेजर के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।
एसएचओ पटेलनगर सूर्यभूषण नेगी ने बताया कि मामले में स्क्वार्डन लीडर अभिषेक गौरव ने शिकायत की है। अभिषेक गौरव एयरफोर्स एकेडमी हैदराबाद में तैनात हैं। उन्होंने एक प्रॉपर्टी डीलर सागर गुप्ता से विला खरीदने के लिए संपर्क किया था। सागर गुप्ता अग्रवाल बिल्डर्स का मैनेजर है। अग्रवाल बिल्डर झीवारेड़ी में स्वास्तिक ग्रींस नाम से विला बना रहा था। 2018 में उन्होंने गुप्ता के माध्यम से अग्रवाल बिल्डर्स के इस प्रोजेक्ट में एक विला खरीदने के लिए अनुबंध किया। अनुबंध के वक्त इस विला की जमीन का खसरा नंबर 2127 बताया गया। यह एमडीडीए से भी अप्रूव दर्शाया गया।
इसके लिए अफसर अभिषेक गौरव ने बैंक से 42 लाख रुपये का लोन भी ले लिया। यह राशि उन्होंने बिल्डर को दे दी। इसके लिए जब उन्हें रजिस्ट्री करानी थी, तब वह टालता रहा। वह विला वाले स्थान पर गए तो एक अन्य खरीदार ने बताया कि यह खसरा नंबर अग्रवाल डवलपर्स का नहीं है। इसके लिए उन्होंने खोजबीन की तो यह बात सच पाई गई।
इंस्पेक्टर सूर्यभूषण नेगी ने बताया कि उनकी शिकायत पर अग्रवाल डवलपर्स के मालिक आशीष मोहन अग्रवाल और मैनेजर सागर गुप्ता के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।