सराफा बाजार में सजी सोने और हीरे से बनी राखियां
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लोनिवि की हीलाहवाली के कारण कोरूवा-क्वारना मोटर मार्ग से जुड़े लोगों को इस बार रक्षाबंधन का पर्व मनाने के लिए चार-पांच किमी की पैदल दूरी तय करनी पड़ेगी। क्योंकि लोनिवि चार दिन बाद भी सड़क पर आए मलबे को नहीं हटा सका। इस कारण सड़क से जुड़े करीब 12 से अधिक गांव की आबादी प्रभावित हो गई है। इन गांवों का संपर्क कालसी तहसील मुख्यालय पूरी तरह कट गया है। ग्रामीणों को रोजमर्रा की जरूरी वस्तुएं भी पीठ पर लादकर घरों तक पहुंचानी जानी पड़ रही है। साथ ही कृषि उत्पादन भी मंडी तक नहीं पहुंच पा रहा है।
करीब 15 किमी लंबे इस संपर्क मार्ग से कोरुवा, क्वारना, होडा, मगरोली, डकियारना, अस्टाड़, लोरली, कोथी समेत एक दर्जन से अधिक गांव की आबादी जुड़ी हुई है। चार दिन पूर्व सड़क कोरूवा धार, तंदावा धार और मगरोली बैंड के पास भारी मात्रा में मलबा आने से बंद हो गई। जिससे इन गांव का संपर्क पूरी तरह से अन्य इलाकों से कट गया है। मुख्य सड़क तक पहुंचने के लिए ग्रामीणों को 4-5 किमी की पैदल दूरी तय करनी पड़ रही है। टीकम सिंह, जवाहर सिंह, केशर सिंह तोमर, मोहर सिंह चौहान का कहना है कि सड़क से मलबा हटाने के लिए वह कई बार विभागीय अधिकारियों से पत्राचार कर चुके हैं। लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हो रही।
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उधर, लोनिवि साहिया के अधिशासी अभियंता डीपी सिंह ने बताया कि जेसीबी को मौके पर भेजा जा रहा है। उम्मीद है कि शाम तक सड़क पर यातायात बहाल हो जाएगा।