पिथौरागढ़ के बेरीनाग में एक किसान की आत्महत्या के मामले ने तूल पकड़ लिया है। इस मुद्दे पर मुखर प्रदेश कांग्रेस कमेटी सोमवार को राजभवन पहुंची। पार्टी ने राज्यपाल को ज्ञापन सौंप कर किसानों के बकाया कर्ज को माफ करने की मांग की। उधर, पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने किसानों की समस्या के खिलाफ हर की पैड़ी पर उपवास करने का ऐलान किया है।
सोमवार को प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी की जयंती पर किसानों की समस्याओं पर मंथन गोष्ठी की। इसके बाद प्रदेश अध्यक्ष प्रीतम सिंह के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल राजभवन पहुंचा। राज्यपाल को पार्टी ने सात सूत्रीय ज्ञापन सौंपा।
ज्ञापन में राज्य सरकार से किसानों का कर्ज माफ करने का चुनावी वादा पूरा करने, उन्हें ब्याज मुक्त कर्ज देने, गन्ना किसानों का बकाया भुगतान शीघ्र करने, किसानों को उनके उत्पाद की लागत को डेढ़ गुना करने, उन्हें खाद व बीज उचित समय पर तथा उचित मूल्य पर उपलब्ध कराने, मृतक किसान स्व. सुरेन्द्र सिंह के परिवार को मध्यप्रदेश की तर्ज पर एक करोड़ रुपये मुआवजा देने और 60 वर्ष से अधिक आयु के किसानों को राज्य सरकार दो हजार रुपये मासिक पेंशन देने की मांग की गई।
ज्ञापन सौंपने वालों में प्रदेश उपाध्यक्ष जोत सिंह बिष्ट, महामंत्री राजेन्द्र भंडारी महामंत्री, जिलाध्यक्ष यामीन अंसारी, पूर्व महानगर अध्यक्ष लाल चंद शर्मा प्रदेश प्रवक्ता गरिमा दसौनी महरा, गिरीश पुनेड़ा, दीप बोहरा, परिणीता बडोनी, महानगर महिला अध्यक्ष कमलेेश रमन आदि शामिल थे।
हरीश रावत का उपवास आज
पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने किसानों व दलितों के उत्पीड़न के खिलाफ और सामाजिक सदभावना को लेकर उपवास करने का फैसला किया है। वह मंगलवार को हर की पैड़ी पर उपवास करेंगे। यह जानकारी पूर्व मुख्यमंत्री मीडिया सलाहकार सुरेंद्र कुमार ने दी।
देश भर किसान अपनी समस्याओं को लेकर आंदोलनरत हैं। उन्हें उनकी फसल का सही मूल्य नहीं मिल रहा है। वे कर्ज चुकाने में असमर्थ हैं। बैंक किसानों पर दबाव बना रहे हैं। परेशान किसान आत्महत्या कर रहे हैं। हर दिन औसतन 35 किसान आत्महत्या कर रहे हैं। यह चिंताजनक है। प्रदेश सरकार ने भी अपना वादा पूरा नहीं किया। केंद्र व राज्य सरकारों को किसानों का कर्ज अविलंब माफ करना चाहिए।
- प्रीतम सिंह, प्रदेश अध्यक्ष, कांग्रेस।