सर्च अभियान के दौरान बर्फ में पांच शव दिखाई दिए थे। जिस स्थान पर शव पड़े थे वहां खतरनाक दर्रे होने के कारण सेना के हेलीकॉप्टर से इन्हें निकालने का प्रयास सफल नहीं हो सका था।
पर्वतारोहियों के शवों को निकालने के लिए डीएम डा. विजय कुमार जोगदंडे, आईटीबीपी के उप महानिरीक्षक एपीएस निंबाडिया और एनडीआरएफ के अधिकारियों की बैठक में कार्ययोजना तैयार की गई। इसमें एक्सपर्ट पर्वतारोहियों को पैदल सर्च अभियान के लिए भेजने का निर्णय लिया गया। 25 दिनों तक चलने वाले इस अभियान में 32 सदस्य शामिल हैं। इनमें आईटीबीपी के 18 जवान हैं।