डीएम डा. विजय कुमार जोगदंडे ने आईटीबीपी की कार्ययोजना मिलने की पुष्टि की और कहा कि भारतीय पर्वतारोहण संस्थान के दो पर्वतारोही भी इस दल में शामिल हो सकते हैं। इस विशेष अभियान के लिए आईटीबीपी ने दस लाख रुपये व्यय का प्रस्ताव दिया है। अनुमति के लिए शासन को पत्र भेजा गया है। इस अभियान के लिए वायु सेना की भी मदद ली जा रही है।
13 मई को मुनस्यारी से नंदादेवी ईस्ट के आरोहण लिए रवाना हुए 13 सदस्यीय दल में से ब्रिटेन निवासी मार्टिन मोरिन, जोन चार्लिस मैकलर्न, रिचर्ड प्याने, रूपर्ट वेवैल, अमेरिका के एंथोनी सुडेकम, रोनाल्ड बीमेल, आस्ट्रेलिया की महिला पर्वतारोही रूथ मैकंस और इंडियन माउंटेनियरिंग फेडरेशन के जनसंपर्क अधिकारी चेतन पांडेय पर्वतारोहण के दौरान हिमस्खलन की चपेट में आने से लापता हो गए थे।
सर्च अभियान के दौरान बर्फ में पांच शव दिखाई दिए थे। जिस स्थान पर शव पड़े थे वहां खतरनाक दर्रे होने से सेना के हेलीकाप्टर से इन्हें निकालने का प्रयास सफल नहीं हो सका था। पर्वतारोहियों के शवों को निकालने के लिए डीएम डा. विजय कुमार जोगदंडे, आईटीबीपी के उप महानिरीक्षक एपीएस निंबाडिया और एनडीआरएफ के अधिकारियों की बैठक में कार्ययोजना तैयार की गई।