नारी निकेतन में सुरक्षा और सुधार के तमाम दावों के बीच शनिवार रात बड़ी चूक उजागर हुई है। यहां से पांच बालिकाएं रात के अंधेरे में निकल गई। पास की एमडीडीए कालोनी में रात में चोरों का शोर मचा तो वह पकड़ में आई, तब जाकर उनकी फरारी का राज खुल सका।
कहा जा रहा है कि बालिकाएं दीवार फांदकर निकली है। जिला प्रोबेशन अधिकारी मीना बिष्ट ने नारी निकेतन पहुंचकर पूरे मामले की जांच पड़ताल की है। नारी निकेतन में मूक बघिर से दुराचार और गर्भपात के मामले में व्यापक कार्रवाई के बाद भी स्थिति में सुधार नहीं दिख रहा है।
नारी निकेतन प्रशासन की तरफ से शनिवार रात दस बजे के करीब कंट्रोल रूम में पांच लड़कियों के निकलने की सूचना दी गई। यह नहीं बताया गया कि लड़कियां किस समय निकली। पुलिस भी उनकी तलाश में जुटी। इसी बीच नारी निकेतन के पास की एमडीडीए कालोनी में चोरों के आने का शोर मच गया।
ऐसे पकड़ में आई लड़कियां
उसी दौरान इन पांचों बालिकाओं को पकड़कर पुलिस के सुपुर्द किया गया। दरअसल 13 साल से कम उम्र की इन बालिकाओं ने रात में किसी घर के घुसने का प्रयास किया था, जिससे जाग हो गई, तब जाकर शोर मचा था।
पुलिस पांचों लड़कियों को लेकर नारी निकेतन पहुंची तो स्टाफ की जान में जान आई। देर रात जिला प्रोबेशन अधिकारी मीना बिष्ट भी नारी निकेतन पहुंच गई। सूचना तो दस बजे की है, हो सकता है कि लड़कियां शाम को ही निकल गई हो, जिसकी जानकारी रात को लगी है।
कंट्रोल रूम के माध्यम से शनिवार रात दस बजे के करीब नारी निकेतन से पांच लड़कियों के भागने की सूचना आई थी। उसी आधार पर पास की एमडीडीए कालोनी से उन्हें बरामद कर वापस नारी निकेतन भेज दिया गया है। लड़कियां नारी निकेतन से कब और कैसे निकली है, यह साफ नहीं हो सका है।
राजेश शाह, इंस्पेक्टर नेहरू कालोनी