राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के वरिष्ठ प्रचारक एवं मुस्लिम राष्ट्रीय मंच के मार्ग दर्शक इंद्रेश कुमार ने कहा कि अयोध्या में बाबरी मस्जिद गिराने के मामले में आपराधिक षड्यंत्र का मुकदमा भाजपा नेता लालकृष्ण आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी और उमा भारती पर नहीं, बल्कि अयोध्या में बाबरी मस्जिद बनाने के लिए राम मंदिर तोड़ने वाले मुगल आक्रमणकारी बाबर और उसके सेनापति मीर बांकी पर होना चाहिए।
राममंदिर के लिए मुसलमान भाइयों को आगे आना चाहिए, ताकि इतिहास के पन्नों पर लिखा जाए कि भारत के मुसलमानों का श्रीराम के मंदिर निर्माण के लिए अमूल्य योगदान रहा।
पिरान कलियर में मुस्लिम राष्ट्रीय मंच की राष्ट्रीय कार्यकारिणी में पहुंचे इंद्रेश कुमार ने पत्रकारों से वार्ता में कहा कि बाबर मोहम्मद-बिन- कासिम भारत के मुसलमानों के रिश्तेदार नहीं थे। वे बाहरी और आक्रांता थे। उन्होंने हिंदुस्तान में मंदिरों को तोड़कर अपने नाम पर मस्जिदों का निर्माण करवाया। इस काम के लिए उन्होंने न केवल हिंदुओं को कत्ल किया, बल्कि देश में दंगे करवाए।
दंगों में हजारों मुसलमानों को भी जान गंवानी पड़ी। यही कारण है कि बाबर के नाम पर राजनीति करने वाले लोगों की वजह से आज भी देश में दंगे हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि इन दंगों को रोकना है तो अयोध्या में देश के मुसलमानों को आगे आकर राममंदिर का निर्माण का मार्ग प्रशस्त करना होगा। इंद्रेश कुमार ने साध्वी प्रज्ञा ठाकुर, असीमानंद से जुड़े प्रकरण पर कहा कि हिंदू आतंकवाद कांग्रेस की देन है।