उन्होंने कहा कि प्रशासन चाहता तो नीलामी की प्रक्रिया आसान कर किसानों को भुगतान दिला सकता था, लेकिन ऐसा नहीं हो सका। नाराज किसानों ने बैठक में चेतावनी दी कि वे 12 अक्तूबर को इकबालपुर शुगर मिल के गेट पर सामूहिक आत्मदाह करेंगे और इसकी जिम्मेदारी मिल प्रबंधन और शासन-प्रशासन की होगी। इस संबंध में उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत को ज्ञापन भी भेजा है।
बैठक में प्रदेश अध्यक्ष चौधरी पद्म सिंह भाटी, प्रदेश महासचिव अनिल चौधरी, प्रदेश उपाध्यक्ष अजय वर्मा, प्रदेश प्रवक्ता उदय त्यागी, प्रदेश महासचिव दिनेश वालिया, जिलाध्यक्ष चौधरी पहल सिंह पंवार, गड़वाल मंडल अध्यक्ष युद्धवीर सिंह, प्रदेश सलाहकार मोहम्मद अखलाक, संयोजक रामपाल प्रधान, जिला उपाध्यक्ष सतीश पंवार, जिला उपाध्यक्ष महक सिंह आदि मौजूद रहे।