फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

एक्सक्लूसिव: पिथौरागढ़ जिले में छह परियोजनाओं से होगा पांच मेगावाट बिजली का उत्पादन

Thu, 10 Sep 2020 03:32 PM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal भक्तदर्शन पांडे , अमर उजाला, पिथौरागढ़
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Pixabay
विज्ञापन

अक्षय ऊर्जा विकास अभिकरण उरेडा पिथौरागढ़ जिले की छोटी नदियों में पांच मेगावाट की छह परियोजनाओं का निर्माण करेगा। परियोजनाओं के निर्माण के लिए सर्वे का काम पूरा हो गया है। शासन से हरी झंडी मिलते ही परियोजनाओं का निर्माण शुरू हो जाएगा। 

विज्ञापन


पिथौरागढ़ जिले में काली नदी, धौली गंगा, रामगंगा, गोरी नदी के अलावा 24 से अधिक छोटी नदियां हैं। कोई उपयोग नहीं होने से इन नदियों का पानी बेकार चला जाता है। सरकार छोटी-छोटी परियोजनाओं का निर्माण कर इन नदियों के पानी से बिजली उत्पादन करना चाहती है। उरेडा की ओर से डीपीआर बनाकर शासन को भेजी गई थी।

इसके बाद चरमा नदी, बिर्थी सहित कुल छह स्थानों पर परियोजनाओं के निर्माण के लिए एजेंसी के माध्यम से सर्वे कराया गया। उरेडा से मिली जानकारी के अनुसार सर्वे करने वाली एजेंसी ने अपनी रिपोर्ट शासन को सौंपी है। रिपोर्ट के अनुसार इन नदियों में बिजली उत्पादन की संभावनाएं मिली हैं। ये परियोजनाएं 500 किलोवाट से लेकर एक मेगावाट तक क्षमता की होंगी। इन परियोजनाओं से उत्पादित होने वाली बिजली की आपूर्ति स्थानीय गांवों में की जाएगी।
विज्ञापन


उरेडा के पास अभी दो परियोजनाएं

उरेडा के पास वर्तमान में सौर ऊर्जा के साथ ही लघु जल विद्युत परियोजनाओं के रखरखाव का जिम्मा भी है। जिले में उरेडा के पास वर्तमान में दो लघु जल विद्युत परियोजनाएं हैं। इनमें 600 किलोवाट की तालेश्वर परियोजना और 400 किलोवॉट की छड़नदेव परियोजना शामिल हैं। 

थर्ड पार्टी एजेंसी से परियोजनाओं के सर्वे का काम हुआ है। जिन स्थलों में परियोजनाओं को प्रस्तावित किया गया था, वहां पर बिजली उत्पादन की संभावनाएं मिली है। परियोजनाओं के निर्माण से पांच मेगावाट बिजली का उत्पादन होगा। शासन से अनुमति मिलने के बाद ही परियोजनाओं का निर्माण कार्य शुरू होगा। 
विज्ञापन

- अखिलेख शर्मा, परियोजना अधिकारी, उरेडा पिथौरागढ़

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें