वर्ष निर्यात (करोड़ रुपये में)
2011-12 3530
2012-13 6071
2013-14 6782
2014-15 8509
2015-16 7350
2016-17 6011
2017-18 10837
2018-19 16285
2019-20 16971
अल्मोड़ा में अचार, प्राकृतिक रेशे, ताम्र शिल्प, बागेश्वर में ऑर्गेनिक ऊन, चंपावत में लौह बर्तन, डेयरी उत्पाद, उत्तरकाशी में सेब, चमोली में मछली व जड़ी-बूटी, देहरादून में मक्का उत्पाद, फार्मा, हरिद्वार में गन्ना उत्पाद, ऑटोमोबाइल, फार्मा, नैनीताल में ऐपण शिल्प, पौड़ी में काष्ठ शिल्प, मल्टी ग्रेन, पिथौरागढ़ में कार्पेट, रुद्रप्रयाग में शहद, जड़ी बूटी, टिहरी में मसाला, ऊधमसिंह नगर में बेकरी उत्पादन, चावल, मैंथा का निर्यात बढ़ाया जाएगा।
प्रदेश के सभी जिलों में स्थानीय उत्पादों का निर्यात बढ़ाने के लिए निर्यात हब बनाने की योजना तैयार की गई है। हर जिले में एक उत्पाद को निर्यात के लिए चयनित किया गया। वर्तमान में उत्तराखंड निर्यात में देश का 19वां राज्य है। देश के कुल निर्यात में उत्तराखंड की हिस्सेदारी 0.48 प्रतिशत है।
- सुधीर चंद्र नौटियाल, निदेशक, उद्योग विभाग
उत्तराखंड में प्राकृतिक और स्थानीय उत्पादों के निर्यात की काफी संभावना हैं, लेकिन समस्या है कि यहां के उत्पादों को कच्चे माल के रूप में इस्तेमाल किया जाता है। इससे तैयार उत्पाद प्रोसेसिंग करने के बाद फिर से प्रदेश में आते हैं। निर्यात बढ़ाने के लिए प्रोसेसिंग पर ज्यादा फोकस करना होगा। इससे प्रदेश से स्थानीय उत्पादों का निर्यात बढ़ेगा।
- विपुल डावर, उपाध्यक्ष सीआईआई