इनसे बचने के लिए भी हाथी पहाड़ों की ओर रुख कर रहे हैं। उनका कहना है कि हाथियों का पहाड़ों की ओर पलायन करना एक सामान्य प्रक्रिया है लेकिन, इस बार हाथी पहले ही पहाड़ों की ओर पलायन कर गए हैं। राजाजी टाइगर रिजर्व के निदेशक अमित वर्मा का कहना है कि ज्यादातार हाथियों का ये पलायन जुलाई माह में होता था। लेकिन ये इस वर्ष जून में ही पलायन करने लगे हैं।
शिशुओं के साथ मादा हाथियों ने नहीं किया पलायन
कॉर्बेट टाइगर रिजर्व के निदेशक डॉ. राहुल ने बताया कि ज्यादातर हाथी टाइगर रिजर्व से निकलकर पहाड़ों की ओर चले गए हैं। लेकिन, शिशुओं में पहाड़ चढ़ने की क्षमता न होने पर मादा हाथी फिलहाल टाइगर रिजर्व में ही हैं। इस समय दोनों रिजर्व में ज्यादातर शिशु और मादा हाथी देखे जा सकते हैं।