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नंदादेवी फतह करने निकले लापता आठ विदेशी पर्वतारोहियों की खोजबीन के लिए रेस्क्यू टीमें रवाना

Sun, 02 Jun 2019 10:12 AM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पिथौरागढ़
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नंदा देवी ईस्ट फतह करने निकले विदेशी - फोटो : अमर उजाला
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 नंदा देवी ईस्ट चोटी को फतह करने के दौरान लापता विदेशी पर्वतारोहियों को ढूंढने के लिए आईटीबीपी और एसडीआरएफ के जवानों की दो टीमें अलग-अलग रास्तों से रवाना की गई हैं। मेडिकल सुविधा और रेडियो सेट के साथ मुनस्यारी से चली रेस्क्यू टीम को बेस कैंप तक पहुंचने में चार से पांच दिन लगेंगे, जबकि मिलम के रास्ते गई टीम के शनिवार देर रात तक बेस कैंप पहुंचने की संभावना जताई गई है।

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ब्रिटेन, अमेरिका, आस्ट्रेलिया और एक भारतीय जनसंपर्क अधिकारी सहित पर्वतारोहियों का 13 सदस्यीय दल 13 मई को मुनस्यारी से नंदादेवी ईस्ट के लिए रवाना हुआ था। दल के टीम लीडर ब्रिटेन के प्रसिद्ध पर्वतारोही मार्टिन मोरिन और जनसंपर्क अधिकारी इंडियन माउंटेनियरिंग फेडरेशन के चेतन पांडे थे। 31 मई को जिला प्रशासन को ब्रिटेन निवासी लीडर मार्टिन मोरिन, ब्रिटेन के ही पर्वतारोही जोन चार्लिस मैकलर्न, रिचर्ड प्याने, रूपर्ट वेवैल, अमेरिका के एंथोनी सुडेकम, रोनाल्ड बीमेल, आस्ट्रेलिया की महिला पर्वतारोही रूथ मैकन्स और इंडियन माउंटेनियरिंग फेडरेशन के जनसंपर्क अधिकारी चेतन पांडे के लापता होने की सूचना मिली। दल का नेतृत्व कर रही दिल्ली की हिमालयन रन एंड ट्रैक प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के सचिव कर्नल विजय सिंह की ओर से पर्वतारोहियों के लापता होने की सूचना मिलते ही प्रशासन हरकत में आ गया। 

जिलाधिकारी डॉ.विजय कुमार जोगदंडे के निर्देश पर भारत-तिब्बत सीमा पुलिस के 9 जवानों की टीम मिलम से नंदा देवी बेस कैंप के लिए रवाना कर दी गई। टीम के शनिवार रात तक बेस कैंप पहुंचने की संभावना जताई गई। इसके अलावा एसडीएम आरसी गौतम ने मुनस्यारी से एसडीआरएफ, राजस्व और होम गार्डों की एक खोजी टीम को नंदा देवी बेस कैंप के लिए रवाना किया। लगभग 86 किमी लंबे इस ट्रैक रूट से होते हुए बेस कैंप पहुंचने में इस टीम को चार से पांच दिन का समय लगेगा। यह टीम रास्ते में खोज अभियान चलाते हुए आगे बढ़ेगी।
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पर्वतारोहियों की सकुशल वापसी के लिए पूजा
विश्व प्रसिद्ध पर्वतारोही मार्टिन मोरिन सहित अन्य पर्वतारोहियों की सकुशल वापसी के लिए लोग प्रार्थना कर रहे हैं। 12 वर्ष की उम्र में नंदा देवी बेस कैंप पहुंचने वाले पर्वतारोही चेतन बृजवाल ने शनिवार को मुनस्यारी के नंदा देवी मंदिर में पूजा-अर्चना की। सबसे कम उम्र के पर्वतारोही चेतन एक वर्ष पूर्व नंदा देवी ईस्ट के बेस कैंप तक पहुंचे थे।

मिलम क्षेत्र में खराब मौसम के कारण लौटा हेलीकॉप्टर
नंदा देवी ईस्ट फतह के दौरान लापता हुए विदेशी पर्वतारोहियों की खोजबीन के लिए जिला प्रशासन की मांग पर सिविल एविएशन के एक हेलीकॉप्टर ने देहरादून से मुनस्यारी क्षेत्र के लिए उड़ान भरी। मिलम में मौसम खराब होने के कारण हेलीकॉप्टर को लौटना पड़ा। पिथौरागढ़ के जिलाधिकारी ने चमोली और रुद्रप्रयाग के जिला प्रशासन से भी लापता पर्वतारोहियों की खोज के लिए रेस्क्यू टीम रवाना करने का अनुरोध किया है। पिथौरागढ़ के डीएम डॉ.विजय कुमार जोगदंडे ने बताया कि नंदा देवी ईस्ट के लिए निकले आठ पर्वतारोहियों की खोज को लेकर आईटीबीपी और एसडीआरएफ की टीमें भेजी गई हैं।

उन्होंने बताया कि पर्वतारोहियों की खोज के लिए शासन स्तर पर बातचीत के बाद शनिवार को एक हेलीकॉप्टर भेजा गया। हेलीकॉप्टर ने सुबह 11.30 बजे टेक ऑफ किया, लेकिन मिलम में मौसम खराब होने के कारण सर्च अभियान नहीं चलाया जा सका। मौसम अनुकूल होने पर हेलीकॉप्टर से सर्च अभियान चलेगा। उन्होंने बताया कि मुनस्यारी से खोजी दल भेजा गया है। दल के पास मेडिकल सुविधा भी है। इसके अलावा चमोली प्रशासन से नंदा ईस्ट रूट में एक रेस्क्यू टीम भेजने और रुद्रप्रयाग जिला प्रशासन से हेली से सर्च अभियान चलाने का अनुरोध किया गया है।

बोगडियार में स्थापित किया अस्थायी रेडियो सेट
डीएम डॉ.विजय कुमार जोगदंडे ने बताया कि उच्च हिमालयी क्षेत्र में संचार संपर्क की कोई सुविधा नहीं है। नंदा देवी ईस्ट में पर्वतारोहियों की खोज के लिए गई टीम के साथ संचार संपर्क बनाए रखने के लिए बोगडियार में एक अस्थायी रेडियो सेट स्थापित किया गया है। इस रेडियो सेट से आईटीबीपी के जवान सूचना बेस कैंप भेजेंगे। बेस कैंप से सूचना जिला मुख्यालय को मिलती रहेगी। डीएम ने बताया कि बोगडियार, पांछू, मर्तोली, बुर्फू में अस्थाई हेलीपैड हैं। इसके अलावा मिलम में आईटीबीपी का हेलीपैड है। पर्वतारोहियों के संबंध में कोई भी सूचना मिलने पर हेली के माध्यम से तत्काल रेस्क्यू या मदद पहुंचाने के प्रयास किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि मैप के आधार पर रेस्क्यू और खोज अभियान चलाया जा रहा है। जिलाधिकारी ने बताया कि प्रदेश के आपदा प्रबंधन सचिव भी इस पर नजर रखे हुए हैं।

पर्वतारोहण के दौरान लापता हुए चार पर्वतारोहियों के बर्फ में दबने की सूचना मिली है। अभी इसकी पुष्टि नहीं हुई है। बेस कैंप से लौटे जिस गाइड ने यह सूचना दी है उससे लोकेशन का पता लगाया जाएगा। रेस्क्यू टीम गई है। टीम के मौके पर पहुंचने के बाद ही पूरी जानकारी मिल सकेगी।
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- डा.विजय कुमार जोगदंडे, जिलाधिकारी पिथौरागढ़

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