भूकंप अलर्ट एप को जोड़ा जाएगा आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से
भूकंप विशेषज्ञ गिरीश जोशी ने बताया कि उत्तराखंड में काम कर रहे भूकंप अलर्ट एप को और अधिक अपग्रेड किया जाएगा। इसके लिए इसे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से जोड़ा जाएगा। इसका प्रस्ताव भी केंद्र को भेजा गया है। ऐसा होने से अलर्ट मिलने के समय को और कम किया जा सकेगा। बीते दिनों पिथौरागढ़ में आए भूकंप की तरंगों को देहरादून पहुंचने में 46 सेकेंड लगे थे। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के बाद इस समय में पांच से सात सेकेंड की और कमी लाई जा सकेगी।
ऑटोमेटेड होगा एप का नया वर्जन
उत्तराखंड में सेंसर बढ़ाने के साथ ही सॉफ्टवेयर को भी अपडेट किया जाएगा। इसके बाद एप को बार-बार अपडेट नहीं करना पड़ेगा। भूकंप एप का नया वर्जन ऑटोमेटेड अपडेट होगा।
सेल्फ ब्रॉडकास्ट की दिशा में कर रहे काम
आने वाले समय में ‘उत्तराखंड भूकंप अलर्ट’ एप को सेल्फ ब्रॉडकास्ट के स्तर तक ले जाया जाएगा। भूकंप विशेषज्ञ गिरीश जोशी ने बताया कि तमाम देशों में यह तकनीक अपनाई जा रही है। इस तकनीक में भूकंप आने पर मोबाइल में एक बीप बजने लगती है, जो तब तक बजती रहती है, जब तक की आप उसे खुद बंद नहीं करते। इस दौरान फोन की दूसरी सारी एप्लीकेशन खुद-ब-खुद बंद हो जाती हैं। उन्होंने बताया कि इस तकनीक को अपनाने की दिशा में अभी एक साल का समय लगेगा। तब अलर्ट के लिए किसी एप को डाउनलोड करने की आवश्यकता भी नहीं रहेगी। उत्तराखंड में आने वाली फ्लोटिंग पॉपुलेशन को इसका सबसे अधिक फायदा होगा।
ये भी पढ़ें...Dehradun News: तीन बार उपभोक्ताओं पर महंगी बिजली का भार लादा, अब फिर UPCL की है ये तैयारी
नवंबर में उत्तराखंड और इसकी सीमा से लगे नेपाल में आए भूकंप का ब्योरा
- 6 नवंबर को टिहरी गढ़वाल में सुबह 8.33 मिनट पर 4.5 मेग्नीट्यूड
- 8 नवंबर को नेपाल में रात 8.52 मिनट पर 4.9 मेग्नीट्यूड
- 8 नवंबर को नेपाल में रात 9.41 मिनट पर 3.5 मेग्नीट्यूड
- 9 नवंबर को नेपाल में रात 1.75 मिनट पर 6.3 मेग्नीट्यूड
- 9 नवंबर को नेपाल में रात 3.15 मिनट पर 3.6 मेग्नीट्यूड
- 9 नवंबर को पिथौरागढ़ में सुबह 6.27 मिनट पर 4.3 मेग्नीट्यूड
- 12 नवंबर पौड़ी गढ़वाल में शाम 4.25 पर 3.4 मेग्नीट्यूड
- 12 नवंबर नेपाल में शाम 7.57 मिनट पर 5.4 मेग्नीट्यूड