नशे की लत के शिकार एक किशोर ने नशे के लिए पैसे नहीं मिलने पर दादी को घर में बंद कर आग लगाकर फरार हो गया।
घर से धुआं उठता देखकर वहां से गुजर रहे एक घोड़ा संचालक ने अंदर बंद बुजुर्ग महिला को किसी तरह बाहर निकाला। मौके पर पहुंची फायर ब्रिगेड ने एक घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया।
बृहस्पतिवार दोपहर करीब 12 बजे घसिया महादेव निवासी सावित्री देवी (74) घर में सोई हुई थी। इतने में उसका 18 वर्षीय पोता कलम सिंह घर में आया व पैसे ढूंढने लगा। पैसे नहीं मिलने पर उसने घर के कपड़ों में आग लगा दी। दादी को घर में ही बंद कर वह फरार हो गया।
घर से धुआं उठता देख पड़ोसियों ने शोर मचाया। इस पर वहां से गुजर रहे घोड़ा संचालक नरेश ने सावित्री देवी को घर से बाहर निकाला। सावित्री देवी आग में आंशिक रूप से झुलस गई थीं। उन्होंने बताया कि उनका पोता नशा करता है।
उसकी मानसिक स्थिति काफी खराब हो गई है। वह नशे में कई बार मारपीट कर चुका है। किशोर के पिता पोस्ट आफिस के सामने ठेली लगाते हैं। सावित्री देवी ने बताया कि वह पहले ठेली में भी आग लगा चुका है।
मौके पर पहुंची फायर ब्रिगेड ने एक घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। घर के अदंर तीन सिलेंडर थे। एक सिलेंडर के फटने से आग ज्यादा भड़की। आग इतनी भयंकर थी घर के अंदर रखा सारा सामान राख हो गया। फायर ब्रिगेड में राजेंद्र सिंह, अजब सिंह, यशपाल सिंह, राकेश ममगाई व नीरज शामिल थे। घटना स्थल पर एसडीएम रजा अब्बास भी पहुंचे।
पड़ोसियों ने जताई खतरे की आंशका
नशेड़ी किशोर के पड़ोसियों ने उससे खतरे की आशंका जताई है। पड़ोसियों का कहना है कि वह कई बार रास्ते में आते जाते लोगों के साथ अभद्रता कर चुका है। पड़ोसियों ने छोटे बच्चों को किशोर से खतरे की आशंका जताई है।