इससे यात्रियों में हड़कंप मच गया। तब चालक ने बस रोकी, नहीं तो बस खाई में गिर सकती थी। यात्रियों ने रोडवेज के एआरएम को फोन कर मामले से अवगत कराया। उन्होंने अराजकता रोकने की मांग उठाई।
हालांकि बाद में किसी तरह मामले का पटाक्षेप हो गया। गनियाद्योली के लोगों का कहना है कि बड़ा हादसा होते बचा। यदि बस दुकानों के अंदर घुसती तो सीधे खाई की तरफ जा सकती थी।
35 सीटर बस यात्रियों से फुल थी। कुछ यात्रियों का फोन आया था कि गनियाद्योली पर चालक के साथ मारपीट हो रही है। चालक और कंडक्टर ने अभी तक मुझे कोई जानकारी नहीं दी। यात्रियों से शिकायती पत्र देने को कहा तो उन्होंने जवाब दिया कि यह हमारा काम नहीं है।
-देशराज अंबेडकर, एआरएम, रानीखेत डिपो