चारधाम यात्रा पर आने वाले तीर्थ यात्री भी रिंग रोड का उपयोग कर सकेंगे। जावलकर ने बताया कि प्रस्तावित रिंग रोड में विभिन्न स्थानों पर सुविधाएं विकसित करने के लिए एशियन विकास बैंक के विषय विशेषज्ञों की सहायता ली जा रही है।
एडीबी से वित्त पोषित किए जाने का प्रस्ताव है। लोक निर्माण विभाग के प्रमुख अभियंता हरिओम शर्मा ने बताया कि प्रस्तावित रिंग रोड की कुल लंबाई 234.60 किमी है। जिसका 142.20 किमी भाग सिंगल लेन, 38,40 किमी 1.5 लेन निर्मित है। 18 किमी की लंबाई में सिंगल लेन निर्माणाधीन है तथा 16 किमी लंबाई में सिंगल लेन का निर्माण किया जाना है।
इसके साथ ही रोड का 20 किमी भाग चारधाम सड़क मार्ग के अंतर्गत निर्माणाधीन है। प्रस्तावित मार्ग में 4 सेतुओं का निर्माण भी किया जाएगा। प्रस्तावित कार्य के प्रथम चरण की लागत 8.81 करोड़ रुपये तथा द्वितीय चरण में 326.14 करोड़ रुपये का आगणन तैयार किया गया है। बैठक में अपर सचिव सोनिका, अनु सचिव दिनेश कुमार पुनेठा आदि अधिकारी मौजूद रहे।