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अवैध खनन रुकवाने ट्रैक्टर पर बैठकर पहुंचे डीएम, स्टोन क्रशरों का रास्ता देखकर उड़े अधिकारियों के होश

Tue, 13 Nov 2018 08:41 AM IST
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, पथरी/सुल्तानपुर
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ट्रैक्टर पर बैठकर खनन रुकवाने पहुंचे डीएम दीपक रावत
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हरिद्वार में अवैध खनन और स्टोन क्रशरों पर अनाधिकृत रूप से खनन सामग्री की खरीद-फरोख्त की सूचना पर डीएम ने सोमवार को बाडीटीप और भोगपुर में छापेमारी की। क्रशरों पर बड़े पैमाने पर खनन सामग्री का भंडारण देखकर डीएम सन्न रह गए। साथ ही रिकॉर्ड दुरुस्त नहीं होने समेत कई अनियमितताएं मिलने पर उन्होंने नौ स्टोन क्रशरों को सीज कर दिया। साथ ही उन्होंने गंगा का भी निरीक्षण किया। 

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सोमवार सुबह हरिद्वार तहसील क्षेत्र के सीमावर्ती गांव बाडीटीप स्थित स्टोन क्रशरों पर बड़े पैमाने पर अवैध खनन सामग्री खरीदने की सूचना किसी ने डीएम को दी। इस पर डीएम दीपक रावत, एडीएम ललित नारायण मिश्रा, एसडीएम मनीष कुमार सिंह, लक्सर एसडीएम कौस्तुभ मिश्रा और खनिकर्म विभाग के उपनिदेशक दिनेश कुमार के साथ मौका पर पहुंचे।

करीब चार घंटे तक चली छापेमारी के दौरान मां गंगा स्टोन क्रशर, एसएस स्टोन क्रशर, अवनी स्टोन क्रशर, श्रीगणेश, महालक्ष्मी, महादेव, शिवा, तेजस और वजीर स्टोन क्रशर को सीज कर दिया गया। इतने बड़े पैमाने पर अवैध खनन होने के बावजूद नियमित कार्रवाई नहीं होने से खफा डीएम ने राजस्व और खनिकर्म विभाग के अधिकारियों को भी फटकार लगाई।

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लाइसेंस निरस्तीकरण की होगी कार्रवाई  

डीएम ने बताया कि सभी स्टोन क्रशरों पर खनन सामग्री खरीदने के मानकों का उल्लंघन किया जा रहा था। कई अन्य अनियमितताएं मिली हैं। स्टोन क्रशर कैंपस में स्टॉक का आकलन कर जुर्माना लगाने समेत अन्य कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। 

बॉडीटीप से सटे चार स्टोन क्रशरों पर वाहनों की आवाजाही के लिए रास्ता तक नहीं है। ये स्टोन क्रशर पूरी तरह गंगा के भूभाग में ही लगाए गए हैं। स्टोन क्रशरों को देखकर अधिकारी खुद भी भौचक्के रह गए। जब स्टोन क्रशर की अनुमति दी जाती है तो कुछ मानक पूरे करने होते हैं।

लेकिन इन स्टोन क्रशरों को देखकर यह भी साबित हो गया कि भौतिक सत्यापन नहीं किया गया बल्कि अधिकारियों ने कार्यालयों में बैठकर अनुमति जारी कर दी गई। जिलाधिकारी दीपक रावत ने बताया कि इन चारों स्टोन क्रशरों की अनुमति निरस्त करने की कार्रवाई की जा रही है। एसडीएम से रिपोर्ट तलब की गई है।  
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डंपर और ट्रैक्टर में बैठकर पहुंचे अधिकारी

जिन क्षेत्रों में स्टोन क्रशर स्थित है, वहां छोटे वाहनों की आवाजाही के लिए समुचित रास्ते न होने और पूर्व में छापे मारे जाने की सूचना लीक होने को देखते हुए अधिकारियों ने इस बार एहतियात बरती। जिलाधिकारी दीपक रावत समेत अन्य अधिकारी डंपर और ट्रैक्टर ट्रालियों पर बैठकर पहुंचे। जिलाधिकारी ने बताया कि छापेमारी जारी रहेगी। अवैध खनन पर पूरी तरह रोक लगाई जाएगी।  

डेढ़ साल में 75 करोड़ का लगाया गया जुर्माना  
पिछले डेढ़ साल में प्रशासन की ओर से करीब 30-35 स्टोन क्रशर सीज किए गए। इन पर करीब 75 करोड़ रुपये जुर्माना क्रशर संचालकों पर आरोपित किया जा चुका है। एसडीएम मनीष कुमार सिंह ने बताया कि अवैध खनन के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी।
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