जस्वास्थ्य विभाग की टीम ने रविवार को शहर में डेंगू जांच करने वाली पांच लैब में औचक निरीक्षण किया। इसके साथ ही सिटी ब्लड बैंक और दून मेडिकल कॉलेज के ब्लड बैंक की व्यवस्थाओं का भी जायजा लिया। इस दौरान किसी भी लैब में डेंगू जांच शुल्क की सूची चस्पा नहीं मिली। टीम ने सभी लैब संचालकों को सूची चस्पा करने के निर्देश दिए।
टीम ने देहरादून में संचालित सिकंद पैथ लैब, डॉ. आहूजा पैथ लैब, गोयल डायग्नोस्टिक, अवस्थी पैथ लैब और मेट्रो लैब में जाकर डेंगू जांच प्रणाली एवं शुल्क का जायजा लिया। इस दौरान पाया कि सभी लैब द्वारा डेंगू जांच में मानकों का पालन किया जा रहा था, लेकिन किसी भी लैब में पंजीकरण काउंटर या शुल्क काउंटर पर डेंगू जांच के लिए निर्धारित शुल्क की सूची चस्पा नहीं की गई थी।
ब्लड बैंकों को दिए निर्देश
सिटी ब्लड बैंक में निरीक्षण के दौरान पाया गया कि ब्लड बैंक में डोनर की सूची उपलब्ध थी, लेकिन उनके द्वारा डोनर को कॉल नहीं किया जा रहा था। मरीज द्वारा लाए गए डोनर से ही प्लेटलेट्स उपलब्ध कराई जा रही थी। टीम ने निर्देशित किया कि जरूरत वाले मरीज को प्लेटलेट्स की उपलब्ध कराए जाएं। अगर मरीज के पास सेम ब्लड ग्रुप का डोनर उपलब्ध नहीं है तो स्वैच्छिक डोनर सूची से कॉल करके द्वारा डोनर को बुलाए। दून मेडिकल कॉलेज की लैब में पैरामेडिकल स्टाफ की कमी है इस संबंध में पैरामेडिकल स्टाफ की संख्या बढ़ाने को कहा। टीम में जिला सर्विलांस अधिकारी डॉ. सीएस रावत, एसीएमओ डॉ. दिनेश चौहान, जिला मलेरिया अधिकारी सुभाष जोशी, प्रयोगशाला प्राविधिज्ञ आशीष किमोठी मौजूद रहे।