प्रेमनगर में स्वीकृत आयुष अस्पताल के लिए भूमि सर्वेक्षण के कार्य में कैंट बोर्ड की ओर से बरती जा रही हीलाहवाली पर वीरभूमि फाउंडेशन ने आक्रोश जताया है। सोमवार को फाउंडेशन के एक प्रतिनिधिमंडल ने सीईओ कैंट बोर्ड को ज्ञापन सौंपकर 17 सितंबर तक इस संबंध में आवश्यक कार्रवाई की मांग की।
फाउंडेशन के अध्यक्ष राजेश रावत ने कहा कि देहरादून गढ़ी कैंट क्षेत्र के प्रेमनगर में 10 बेड का एक आयुर्वेदिक चिकित्सालय बनाने के लिए कैंट बोर्ड की बैठक में प्रस्ताव पारित हो गया था। इसके लिए जिला आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी और गढ़ी कैंट बोर्ड के बीच कई बार पत्राचार भी हो चुका है। प्रेमनगर में सब्जी मंडी नंबर छह पार्क के निकट की भूमि चिकित्सालय भवन निर्माण के लिए चिन्हित की गई है। अब कैंट बोर्ड और आयुर्वेद एवं यूनानी विभाग की ओर से इस भूमि का भू-विवरण और भू-नाप के संबंध में संयुक्त सर्वेक्षण किया जाना है, लेकिन कैंट बोर्ड इसमें लगातार हीलाहवाली बरत रहा है।
उन्होंने सीईओ अभिनव सिंह से तत्काल भूमि सर्वेक्षण का कार्य किए जाने की मांग की है। जिससे कि प्रधानमंत्री के जन्मदिवस 17 सितंबर तक भवन निर्माण का कार्य शुरू किया जा सके। सीईओ ने आश्वासन दिया कि जल्द ही भूमि सर्वेक्षण का कार्य पूरा कर लिया जाएगा। प्रतिनिधिमंडल में सचिन कुमार, अनिल नौटियाल, धीरज बिष्ट, चंदन कनौजिया, हरीश कुमार, शुभम वर्मा, सूरज कुमार, चंदा उनियाल आदि मौजूद रहे।