तीनों आरोपियों ने वादा किया था कि 11वीं की परीक्षा कराएंगे लेकिन 11वीं का रजिस्ट्रेशन भी नहीं कराया। शारीरिक शिक्षा की पढ़ाई भी नहीं कराई गई। जबकि, वादा किया गया था कि बच्चों को एनडीए की कोचिंग, एसएसबी की प्रैक्टिस आदि सब कराए जाएंगे।
आरोपियों ने बृजपाल सिंह से एक लाख रुपये और मांगे। लेकिन, उन्होंने जब देने से मना कर दिया तो उन्हें जान से मारने की धमकी दी गई। इसी तरह 50 बच्चों के पैसे आरोपियों ने हड़प लिए। इंस्पेक्टर प्रेमनगर प्रदीप बिष्ट ने बताया कि मीनू वर्मा, कविश और नमित सिंह के खिलाफ रुपये हड़पने, मारपीट और जान से मारने की धमकी देने के आरोप में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।