वीडियो देखना भी अपराध
चाइल्ड पोर्नोग्राफी की निगरानी केंद्र सरकार की टिप लाइन के माध्यम से की जाती है। यह उन सब मामलों की निगरानी करती है, जिसमें बच्चों के अश्लील वीडियो, फोटो आदि सर्कुलेट किए जा रहे हों। इसके अलावा यदि कोई अपने मोबाइल फोन, कंप्यूटर, लैपटॉप आदि से ये अश्लील वीडियो देखता भी है तो वह भी अपराध की श्रेणी में आता है। पिछले साल सीबीआई ने भी शहर में इस तरह के मामलों को लेकर देहरादून में दबिश दी थी। उस वक्त कई वेबसाइट को बंद कराया गया था, जो इस तरह के वीडियो इंटरनेट पर प्रसारित करते थे।