ये था मामला
बता दें कि मोहित नगर लेन नंबर एक में नम्रता वोहरा का मकान है। कुछ साल पहले उनके पति की मौत हो चुकी है। उनकी जगह वह मृतक आश्रित कोटे से उरेडा में बतौर लेखाकार काम करती हैं। उनके दो बेटे गुरुग्राम में रहकर नौकरी करते हैं। नम्रता सोमवार रात को रोज की तरह खाना खाने के बाद करीब साढ़े दस बजे के बीच सोने चली गईं। वह लगभग पौने एक बजे टॉयलेट जाने के बाद फिर बिस्तर पर लेटीं तो बदमाश ने उनके गले पर चाकू लगा दिया।
धमकाते हुए कहा कि उसे पैसों की जरूरत है जल्दी पैसे निकालो। नम्रता ने बेडरूम में रखी अलमारी की तरफ इशारा कर दिया। नम्रता बदमाश को अलमारी तक ले गईं और उसमें रखे रखे 50 हजार रुपये निकाल कर दे दिए। जाते वक्त बदमाश नम्रता वोहरा के गले से चेन भी लूटकर ले गया। उसके जाने के करीब पांच मिनट बाद नम्रता वोहरा ने अपनी अलमारी देखी तो उसमें से अन्य जेवरात भी गायब थे।