मकान या जमीन खरीदने का सपना देख रहे लोगों के लिए राहत भरी खबर है। प्रशासन का प्रस्ताव माना गया तो इस बार सर्किल रेट में बढ़ोतरी नहीं होगी।
सर्किल रेट के संबंध में जिला प्रशासन ने शासन को ‘नो चेंज’ का प्रस्ताव भेजा है। माना जा रहा है कि जिला प्रशासन ने पहले ही डीएम सर्किल रेट काफी बढ़ा दिए थे। इसके साथ ही एक क्षेत्र की जमीन के अलग-अलग सर्किट रेट नहीं होंगे। नए सर्किल रेट में किसी क्षेत्र की एक ही दर प्रस्तावित की गई है।
शासन को भेजे प्रस्ताव में जिला प्रशासन ने सर्किल रेट में बढ़ोतरी न करने का अनुरोध किया है। माना जा रहा है कि इस वक्त जमीन की कीमतें बहुत अधिक हैं। यदि सर्किल रेट में बढ़ोतरी की जाती है तो आम आदमी के लिए देहरादून में आशियाना बनाना बहुत मुश्किल हो जाएगा। इसीलिए प्रशासन ने नो चेंज का प्रस्ताव भेजा है।
बता दें कि नए सर्किल रेट का प्रस्ताव अब तक लागू हो जाना चाहिए था, लेकिन विधानसभा चुनाव के मद्देनजर शासन स्तर पर निर्णय नहीं हो पाया। अब नए सर्किल रेट पर निर्णय होना है। सर्किल रेट निर्धारण कमेटी में शामिल एक अफसर ने बताया कि वैसे तो आम शहरियों को राहत देने की कोशिश की गई है लेकिन व्यावसायिक गतिविधियों के लिहाज से चिह्नित क्षेत्रों में हल्की बढ़ोतरी हो सकती है। इसके अलावा एक ही इलाके की जमीनों के लिए दो अलेग-अलग सर्किल रेट निर्धारित हैं, उन्हें एक कर दिया गया है। अब एक ही इलाके की जमीनों के लिए सर्किल दरें अलग-अलग नहीं हाेंगी।
वर्तमान में सर्किल रेट
प्रमुख मार्ग, मोहल्लों के नाम सर्किल दरें आवासीय व्यावसायिक दरें
1-घंटाघर से आरटीओ कार्यालय तक 50000 179500
2-आरटीओ कार्यालय से मंसूरी बाइपास 40000 131000
3-घंटाघर से दर्शन लाल चौक, प्रिंस चौक 30000 125000
4- रेलवे स्टेशन से सहारनपुर चौक 30000 125000
5-प्रिंस चौक से रिस्पना पुल तक 25500 110000
6-मसूरी बाईपास से राजपुर तक 23100 93200
7-बल्लूपुर चौक से प्रेमनगर बस स्टैंड तक 21000 90000
8-शहंशाही आश्रम राजपुर तिराहे से कुठालगेट तक 18000 85000
9-लालपुर से डेहराखास , कार्गी चौक तक 13200 66400
(सर्किल रेट रुपये प्रतिवर्ग मीटर में)
सर्किल रेट में नो चेंज का प्रस्ताव शासन को भेजा गया है। पिछले साल सर्किल रेट में बढ़ोतरी का लोगों ने विरोध किया था। इस पर सर्किल रेट की समीक्षा कर उसे कम किया गया। अंतिम निर्णय शासन स्तर से लिया जाएगा।
-रविनाथ रमन, जिलाधिकारी