देहरादून में साइबर क्राइम का अब तक का सबसे बड़ा मामला सामने आया है। किसी ने शहर के अलग-अलग इलाकों के 27 लोगों के अलग-अलग बैंकों के खातों से लाखों रुपये उड़ा दिए। इसके बाद से पुलिस भी सकते में आ गई है।
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एटीएम कार्ड का डाटा चुराकर, खातों में सेंध लगाने के शहर में अब तक के सबसे बड़े मामले में साइबर क्रिमिनल्स ने अलग-अलग बैंकों के दर्जनों खाताधारकों के लाखों रुपयों पर हाथ साफ कर दिया।
शनिवार रात तक 27 एफआईआर दर्ज कराई जा चुकी थीं, जिनमें करीब नौ लाख रुपए उड़ाए गए हैं। अलग-अलग थानों में शिकायत आने का सिलसिला देर रात तक जारी रहा।
माना जा रहा है कि एटीएम कार्ड क्लोनिंग के जरिए डाटा चुराकर वारदात अंजाम दी गई है। सभी खातों से कैश जयपुर (राजस्थान) स्थित अलग-अलग एटीएम से निकाले गए हैं।
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जिनके खातों से कैश निकाले गए हैं उनके एटीएम कार्ड उन्हीं के पास हैं। वारदात का शिकार बने सभी पीड़ित थाना नेहरू कॉलोनी, डालनवाला, रायपुर और शहर कोतवाली थाना क्षेत्र के रहने वाले है।
पुलिस को आशंका है कि अभी और मामले सामने आ सकते हैं। फिलहाल, एसएसपी ने एसओजी और साइबर थाने की संयुक्त टीम गठित कर उन्हें जयपुर भेज दिया है।
सभी खाताधारक एसबीआई के
देर रात तक मिली जानकारी के मुताबिक थाना नेहरू कॉलोनी मेें सर्वाधिक 22, डालनवाला में तीन, सिटी कोतवाली में एक एफआईआर दर्ज हो चुकी थीं।
राजपुर और रायपुर में कई शिकायत आने की खबर है। खातों से 2500 रुपये से लेकर 80000 रुपये तक की नगदी निकाली गईं हैं। सर्वाधिक मामले स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के खाताधारकों के हैं। इसके अलावा पंजाब नेशनल बैंक, यूनियन बैंक, आईडीबीआई, आईसीआईसीआई के खाताधारक भी शिकार बने हैं।
पीड़ितों के मुताबिक शुक्रवार देर रात पांच लोगों ने उनके खातों से कैश निकाले जाने की सूचना नेहरू कालोनी थाना पुलिस को दी थी। पुलिस ने आदतन इसे नजरअंदाज कर दिया। शनिवार को भी कई लोग नेहरू कॉलोनी थाने में इस तरह की शिकायतें लेकर पहुंचे।
खाताधारकों ने कहा कि एटीएम कार्ड उनके पास हैं, लेकिन उनके खातों से जयपुर स्थित एटीएम से कैश निकाला गया है। मोबाइल पर मैसेज आने के बाद उन्हें इसकी जानकारी मिली है। थाने में सुनवाई नहीं हुई तो कई लोग शिकायत लेकर एसएसपी कार्यालय पहुंचे। एसएसपी ने सवाल किया तो पुलिस को होश आया।
एसएसपी निवेदिता कुकरेती के मुताबिक एक साथ अलग-अलग बैंकों के खातों से कैश निकालने के मामले की जांच के लिए टीम गठित कर दी है। एटीएम कार्ड की क्लोनिंग के जरिए पैसा निकालने का मामला नजर आ रहा है।
इनके खातों में लगी सेंध
पुलिस टीम ने बैंकों से संपर्क किया है। खाताधारकों के पैसों का अब क्या होगा, इस सवाल पर एसएसपी निवेदिता कुररेती ने बताया कि आरबीआई की नई गाइड लाइन छह जुलाई को जारी हुई है।
बैंक अपने स्तर पर एक फोरम बनाएंगे। खातों से कैश गायब होने की घटनाओं की फोरम में सुनवाई होगी। एक सप्ताह के भीतर खाताधारकों को फोरम में अपनी शिकायत दर्ज करानी होगी। पुलिस बैंकों को पत्र भेजकर फोरम के गठन को लेकर पूछताछ करेगी।