केंद्रीय रिवर्ज पुलिस बल (सीआरपीएफ) के कमांडेंट किशोर कुमार आर्य को उनकी बहादुरी के लिए पुलिस पदक से नवाजा गया है। दिल्ली में हुए कार्यक्रम में देहरादून निवासी किशोर को गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने इस पुरस्कार से सम्मानित किया।
मूलरूप से अल्मोड़ा के पिनबगड़ बैरतीपान गांव निवासी एमआर आर्य के बेटे कमांडेंट किशोर कुमार आर्य को दो मार्च 2016 की रात डारसराय मीर मोहल्ला तराल, जम्मू कश्मीर में तीन हिजबुल आतंकियों के होने की गोपनीय सूचना मिली थी।
तीनों पर तीन लाख रुपये का इनाम था। उनकी बटालियन ने तुरंत घेराबंदी कर दी। दोनों ओर से फायरिंग हुई। सीआरपीएफ कमांडेंट किशोर कुमार ने जोखिम भरा ऑपरेशन अपने हाथ में लिया।