फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

नाबालिग से दुष्कर्म में सात साल की सजा, मां और पिता बरी

Fri, 16 Dec 2016 10:58 PM IST
ब्यूरो/ अमर उजाला, देहरादून
विज्ञापन
जेल
विज्ञापन
देहरादून के रायवाला क्षेत्र में नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में दोषी ऑटो चालक को अदालत ने सात साल के कारावास की सजा सुनाई है। साक्ष्य के अभाव में ऑटो चालक की मां और पिता को बरी कर दिया गया है।
विज्ञापन


अभियोजन पक्ष के मुताबिक, रायवाला में एक दिसंबर 2014 को ऑटो चालक सुनील ने कक्षा आठ की छात्रा को पिता का एक्सीडेंट होने की झूठी सूचना देकर अगवा कर लिया था। शाम को वह घर नहीं आई तो परिजनों से उसकी गुमशुदगी दर्ज करा दी थी।

इसी बीच 26 जनवरी 2015 को किशोरी ने फोन कर मेरठ के गंगानगर इलाके में बंधक होने और शारीरिक शोषण किए जाने की सूचना दी। दून पुलिस ने मेरठ में छापा मारकर छात्रा को बरामद करने के साथ आरोपी सुनील को गिरफ्तार कर लिया था। इस मामले में सुनील के पिता और मां को भी आरोपी बनाया गया था।
विज्ञापन


मामले की सुनवाई विशेष न्यायाधीश पोक्सो नीना अग्रवाल की अदालत में हुई। अभियोजन पक्ष के तर्कों को सही मानते हुए अदालत ने ऑटो चालक को दोषी करार देते हुए सात साल के कारावास के साथ पांच हजार रुपये का जुर्माना भी किया है।
विज्ञापन


जुर्माना अदा न करने पर एक माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी पडे़गी। जबकि साक्ष्य के अभाव में सुनील की मां सोमवती और पिता बिजेंद्र को बरी कर दिया गया।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें